कई आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन बने खंडहर
बदहाल भवनों में नहीं प्राथमिक विद्यालयों में होता है केंद्र का संचालन
टूट खिड़कियां एवं फर्श बदहाली की कहानी बयां करने के लिए काफी
महराजगंज। आंगनबाड़ी केंद्रों की टूटी खिड़कियां, फर्श और जर्जर भवन हकीकत को बयां करने के लिए काफी हैं। बच्चों को सुपोषित बनाने के लिए केंद्र से मिलने वाली सुविधा भी बेहतर ढंग से सतह तक नहीं पहुंच पा रही है। जबकि विभाग की नजर में सबकुछ बेहतर है।
लक्ष्मीपुर ब्लॉक के आंगनबाड़ी केंद्रों की हालत भी ठीक नहीं है। पड़ताल में केंद्र की बदहाली सामने आई। सबसे खराब स्थिति आंगनबाड़ी केंद्र बेलभार की देखने को मिली। यहां भवन खंडहर हो गया है। वर्ष 2017 में आंगनबाड़ी भवन बनने के लिए धन निर्गत हुआ था, लेकिन अब तक अधूरा है। केवल छत ठीक है। खिड़की, दरवाजा, फर्श, हैंडपंप, शौचालय कुछ भी नहीं है। कार्यकर्ता दमयंती ने बताया कि केंद्र पर 60 बच्चे पंजीकृत है। प्राथमिक विद्यालय में केंद्र का संचालन होता है।
अड्डा बाजार में तीन आंगनबाड़ी केंद्र हैं, लेकिन बच्चे नहीं आते हैं। केंद्र के सामने झाड़ियां उगी हैं। यहां कोई आता-जाता नहीं है। तीनों केंद्रों को मिलाकर 176 बच्चे पंजीकृत हैं। भवन जर्जर होने के साथ ही खिड़की, दरवाजा, फर्श क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इन केंद्रों की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुदामा देवी, सुमन शुक्ला व शिमला देवी ने बताया कि उनका आंगनबाड़ी भवन केंद्र ठीक नहीं होने के कारण प्राथमिक विद्यालय व कन्या जूनियर हाईस्कूल अड्डा बाजार में चलता है। आंगनबाड़ी केंद्र थरौली बुजुर्ग का भवन बदहाल होने के कारण आंगनबाड़ी कार्यकर्ता दमयंती बच्चों को प्राथमिक विद्यालय थरौली बुजुर्ग में पढ़ाती है। केंद्र पर 58 बच्चे पंजीकृत हैं।
आंगनबाड़ी केंद्रों पर एक नजर
आंगनबाड़ी केंद्र 253, कार्यकर्ता 232, सहायिका 151, मुख्य सेविका तीन तैनात हैं। अति कुपोषित बच्चे 592 हैं।
दस केंद्रों पर विकसित हो रही पोषण वाटिका
लक्ष्मीपुर के सीडीपीओ अनुराग त्रिपाठी ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र हथियागढ़, लक्ष्मीपुर कैथवलिया, मझौली, ललाईन पैसिया, मोहनापुर, बोकवा, गजपति, थरौली बुजुर्ग, लालपुर, कल्याणपुर में पोषण वाटिका विकसित हो रही है।
केवल 28 केंद्रों के पास अपना भवन
कुल 96 ग्राम पंचायतों में 253 केंद्र संचालित हैं। केवल 28 केंद्र आंगनबाड़ी भवन में संचालित हैं। बाकी 225 प्राथमिक विद्यालयों के भरोसे चल रहे हैं। जबकि ब्लॉक में 50 आंगनबाड़ी भवनों का निर्माण हुआ है, लेकिन 22 भवनों की हालत ठीक नहीं है।
28 आंगनबाड़ी केंद्र विभाग के भवन में चल रहे हैं। 22 भवनों को दुरुस्त करवाने के लिए उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है। शेष केंद्र प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय में संचालित किए जा रहे हैं।
अनुराग मणि, सीडीपीओ, लक्ष्मीपुर