जेल में बंदियों को खेती करने का दिया प्रशिक्षण
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लखीमपुर खीरी। जिला कारागार में नंदी फाउंडेशन और वरिष्ठ जेल अधीक्षक पीपी सिंह व जेलर पंकज कुमार सिंह के निर्देशन में कैदियों को प्राकृतिक उर्वरकों के द्वारा खेती के तौर-तरीके सिखाए गए। चार दिवसीय प्रशिक्षण के दौरान कैदियों को हरी खाद बनाने का भी प्रशिक्षण दिया गया।
वरिष्ठ जेल अधीक्षक पीपी सिंह ने बताया कि 10 जनवरी से प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हुआ था। इसमें कैदियों को बिना केमिकल खाद और पेस्टीसाइड के खेती करने के बारे में बताया गया। हरी खाद का प्रयोग करके ऑर्गेनिक खेती करने के तरीके बताए गए। साथ ही हरी खाद बनाने की विधि भी कैदियों को बताई गई। खेतों में होने वाले हरे खरपतवार नष्ट करने के लिए केमिकल का प्रयोग न करने की सलाह दी गई। खरपतवार नष्ट करने के लिए स्वनिर्मित घोल बनाने के बारे में भी जानकारी दी गई। प्रत्येक दिन तीन से चार घंटे कैदियों को खेती को उन्नत तरीके से करने के लिए प्रशिक्षित किया गया। कार्यक्रम में कैदियों को ट्रेनर अनिल यादव व विंध्यवासिनी ने किसानों के सर्वांगीण विकास के तौर-तरीके भी सिखाए। इसके साथ ही प्राकृतिक उर्वरकों का प्रयोग बढ़ाने के बारे में भी बताया। कार्यक्रम के समापन पर वरिष्ठ जेल अधीक्षक, जेलर व प्रोजेक्ट इंचार्ज रवी श्रीवास्तव द्वारा प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र बांटे गए।