करारी कस्बे के किंगनगर मोहल्ले का एक युवक मंगलवार को अपने पांच वर्षीय बेटे के साथ व पत्नी के साथ विकास भवन आया था। युवक को अपनी मां की पेंशन के बाबत पता करना था। पुराने अस्थाई लॉकअप के पास वह पत्नी व बेटे को छोड़कर अपनी मां को लेकर विकास भवन गया।
वहां से लौटा तो पत्नी रोती हुई मिली। उसने बताया कि वह लघुशंका के लिए गई थी तभी बच्चा गायब हो गया गया। दिनदहाड़े हुई घटना से हड़कंप मच गया। सूचना पर सीओ सदर डॉ. केजी सिंह, प्रभारी निरीक्षक रामजीत और एसओजी प्रभारी सिद्धार्थ सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। काफी खोजबीन के बाद भी बच्चे का पता नहीं चल सका है।
फिलहाल पुलिस दंपती को ही शक के ही दायरे में लेकर पूछताछ कर रही है।
किंगनगर मोहल्ला निवासी जगदीश की शादी पांच साल पहले औधन गांव की शालू के साथ हुई थी। शादी के बाद एक बेटा साहिल (4) है। जगदीश बाहर रहकर कमाता है। उसकी मां को वृद्धा पेंशन मिलती है ।
पिछले दिनों जब वह घर आया तो मालूम चला कि मां को तीन साल से पेंशन ही नहीं मिल रही है। इसी बात की जानकारी करने के लिए मंगलवार को वह अपनी पत्नी शालू, बेटे साहिल व मां के साथ विकास भवन आया था।
पत्नी व बेटे को विकास के समीप बने कचहरी के अस्थाई लॉकअप के पास रोककर वह मां के साथ विकास भवन चल गया। कुछ देर बाद लौटा तो देखा पत्नी रो रही थी और बेटा वहां नहीं था। पत्नी ने बताया कि वह बेटे को सड़क पर खड़ा करके लघुशंका करने चली गई थी। इस बीच बच्चा कहां गया? इसकी जानकारी नहीं है। घटना की जानकारी फौरन पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू कर दी।
पति-पत्नी बता रहे अलग-अलग मोबाइल नंबर
सीओ डॉ. केजी सिंह ने जब घर के किसी सदस्य का मोबाइल नंबर पूछा तो पति और पत्नी ने अलग-अलग नंबर बताया। इससे मामला और उलझ गया। मामले की छानबीन के लिए मंझनपुर कोतवाली के अलावा एसओजी की टीम को रवाना किया गया है। सर्विलांस टीम को भी सक्रिय कर दिया गया है।
साल भर तक पति-पत्नी में रह चुका है अलगाव
पुलिस की छानबीन में यह भी पता चला कि पति-पति के बीत रिश्ते ज्यादा अच्छे नहीं थे। पांच साल की शादी के दौरान एक साल तक दोनों के बीच अलगाव रहा। हालांकि बाद में रिश्तेदारों ने पंचायत कर दोनों को फिर से मिलाया।
घटना की कई बिंदुओं से जांच की जा रही है। पति और पत्नी का भी अलग-अलग बयान रिकार्ड किया गया है। घटना के खुलासे के लिए मंझनपुर कोतवाली पुलिस के अलावा एसएओजी को भी लगाया गया है। जल्द ही मामले का पर्दाफाश किया जाएगा।
डॉ. केजी सिंह, सीओ सदर