प्रमुख सचिव अनिल गर्ग ने शुक्रवार को पॉलिटेक्निक स्थित मेट्रो डिपो का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने गुजरात से आई मेट्रो ट्रेन भी देखी। प्रमुख सचिव ने उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के एमडी कुमार केशव से मेट्रो के ट्रायल रन की डेट पूछी तो एमडी ने 15 नवंबर को उन्हें ट्रायल रन के लिए आमंत्रित किया। उनके साथ कानपुर डीएम और एडीएम भी मौजूद रहे।
कानपुर मेट्रो ट्रेन शुक्रवार को डिपो के ट्रैक पर दौड़ती नजर आई। बता दें कि आईआईटी से मोतीझील के बीच नौ किलोमीटर का ट्रैक तैयार है। सिग्नल लगाने का काम भी पूरा कर लिया गया है। ऐसे में यूपीएमआरसी अब मेन ट्रैक पर ट्रायल शुरू करने जा रहा है। टेस्टिंग के लिए कई सेंसर भी लगाए गए हैं।
गुजरात के सांवली प्लांट से मेट्रो के तीन कोच पिछले महीने आए थे। बाद में तीन कोच और आ गए। पहले आए कोचों की टेस्टिंग शुरू कर दी गई है। चार दिन पहले डिपो के अंदर बने 650 मीटर के ट्रैक पर ट्रेन को चलाया गया था। ट्रेन ने 15 किमी की रफ्तार से छह राउंड पूरे किए थे।
डीसी करंट पर ही होगा ट्रायल
अभी मेट्रो को इलेक्ट्रिसिटी की सप्लाई शुरू नहीं हो सकी है। ऐसे में जनरेटर की सप्लाई से ही मेट्रो को चार्ज किया जाएगा। इसके बाद डीसी करंट से ही मेट्रो को मेन ट्रैक पर दौड़ाया जाएगा। यूपीएमआरसी के एमडी कुमार केशव ने ट्रायल को लेकर खुशी जताई है।
15 से शुरू होगा फाइनल ट्रायल
कानपुर मेट्रो ने रिकॉर्ड समय में काम पूरा किया है। जल्द से जल्द यात्रियों को सुविधा देने की तैयारी है। 15 नवंबर से रेलवे की चीफ ऑफ रेलवे सेफ्टी (CRS) की टीम परीक्षण शुरू करेगी। टीम 90 किलोमीटर प्रति घंटा की स्पीड से ट्रायल करेगी। सीआरएस की एनओसी के बाद ही मेट्रो यात्रियों के लिए शुरू की जाएगी।