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Kanpur News: स्टाफ-उपकरण लापता, जून में वार्ड-50 शुरू करने का दावा

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कानपुर। हैलट में 2023 में 21 करोड़ से बनकर तैयार हुआ वार्ड-50 अभी भी शुरू होने का इंतजार कर रहा है। जीर्णोद्धार का कार्य करने वाली कार्यदायी संस्था सिडको ने अभी तक मेडिकल कॉलेज को इसे हस्तांतरित नहीं किया है। अभी यहां के लिए स्टाफ स्वीकृत नहीं हुआ है। उपकरण भी नहीं आए हैं। मेडिकल कॉलेज प्रशासन के अनुसार, इसमें अभी काफी काम बाकी है तो ऐसे में हस्तांतरण नहीं कर सकते हैं। कार्यदायी संस्था की ओर से अभी फिनिशिंग का काम भी पूरा नहीं हुआ है। अफसर जून में वार्ड के शुरू होने का दावा कर रहे हैं।
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2021 में प्राइवेट वार्ड-50 के जीर्णोद्धार का कार्य शुरू हो गया था जो दो साल में पूरा हो गया था। कुछ-कुछ काम बाकी रहने से इसके शुरू होने की दिशा में बात आगे नहीं बढ़ पा रही है। वार्ड में स्टाफ नर्स, सीनियर नर्स, वॉर्ड बॉय के अलावा सफाई कर्मी और सुरक्षाकर्मी के लिए करीब 300 से अधिक स्टाफ की आवश्यकता है। स्वीकृति अभी तक शासन स्तर से नहीं मिली है। वार्ड में बेड, फर्नीचर और चिकित्सा उपकरण भी नहीं है। बिजली सप्लाई के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई है। ऑक्सीजन सप्लाई भी नहीं है और फायर सेफ्टी सिस्टम भी नहीं लगा है।
मेडिकल कॉलेज प्रशासन की ओर से स्टाफ और उपकरणों के लिए अक्ततूर में करीब दस करोड़ का प्रस्ताव भी बनाकर शासन को भेजा जा चुका है। अफसर अभी तक स्वीकृति का इंतजार कर रहे हैं। प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि वार्ड में बने कमरों का चार्ज प्राइवेट अस्पतालों के चार्जेस से 60 से 80 फीसदी कम रखने के लिए पत्र लिखा गया है। प्राइवेट वार्ड में सिर्फ रूम ही नहीं किचन, बालकनी और स्टोर रूम भी है।
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इन वजहों से है उम्मीद
वार्ड शुरू कराने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रयासरत है।
स्टाफ, चिकित्सा उपकरण व फर्नीचर के लिए प्रस्ताव भेजा जा चुका है।
भवन तैयार है और फिनिशिंग चल रही है।

इन वजहों से भरोसा नहीं
अभी तक नहीं बिजली सप्लाई के लिए नहीं लगा ट्रांसफार्मर।
ऑक्सीजन पाइपलाइन के लिए भी नहीं की गई व्यवस्था।
अभी तक स्टाफ की स्वीकृति नहीं हुई है।



इस वर्ष जून में वार्ड-50 शुरू कर दिया जाएगा। कार्यदायी संस्था सिडको फिनिशिंग का काम कर रही है। बिजली, ऑक्सीजन सप्लाई के अलावा स्टाफ व उपकरण भी आने हैं जिसके बाद ही वार्ड शुरू हो सकेगा। - डॉ. संजय काला, प्राचार्य, जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज
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