इस तरह काम करेगी यूनिट
यूनिट के अफसर ब्लैक मनी एक्ट 2015 के तहत निगरानी करेंगे। 16 साल तक के पुराने मामलों की फाइल अफसर खोल सकेंगे। सूत्रों के अनुसार शिकायत के आधार पर, छापे के दौरान मिले इनपुट, मुखबिर की सूचना पर, देसी, विदेशी जांच एजेंसियों से मिले इनपुट के आधार पर अफसर कार्रवाई कर सकेंगे।