आरोपी की पत्नी के खाते की मदद से घर तक पहुंची पुलिस
इंस्पेक्टर ने बताया कि राजू चार महीने से अपार्टमेंट में टाइल्स और पत्थर लगाने का काम कर रहा था। इसी दौरान उसकी सिक्योरिटी गार्ड चंद्रप्रकाश से दोस्ती हो गई थी। राजू के गांव का पता किसी के पास नहीं था। वह मोबाइल भी इस्तेमाल नहीं करता था। पूछताछ के दौरान ठेकेदार ने बताया कि एक बार उन्होंने उसकी पत्नी के खाते में रुपये भेजे थे। इसके बाद पुलिस ने संबंधित खाते की डिटेल निकलवाई और इसी आधार पर मऊ स्थित उसके गांव पहुंची। यहां से राजू को गिरफ्तार किया।