कानपुर में लू लगने से उल्टी-दस्त, डायरिया होने से चार रोगियों की मौत हो गई। इसके अलावा रोगी गंभीर हालत में हैलट और उर्सला में भर्ती किए गए हैं। रोगियों की हालत गंभीर होने पर नर्सिंगहोमों से हैलट रेफर किया जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि रोगी गंभीर होने के बाद अस्पताल आ रहे हैं।
उल्टी-दस्त के रोगी दो बच्चों की मौत हुई है। एक रोगी फतेहपुर से हैलट रेफर किया गया था। इसके अलावा ककवन की चार साल की बच्ची की मौत हुई है। बच्चों की इलाज के दौरान मौत हो गई। बालरोग विभागाध्यक्ष डॉ. अरुण कुमार आर्या का कहना है कि नर्सिंगहोमों से रोगी बहुत गंभीर हालत होने के बाद रेफर किए जाते हैं। अगर समय से जाएं तो इलाज मिल जाए। पीआईसीयू में दो महीने से बच्चे वेंटिलेटर पर हैं। डॉक्टर उन्हें बचाने में जुटे हैं।