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फर्रुखाबाद जिला जेल में आगजनी, पथराव और फायरिंग

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फर्रुखाबाद। डेंगू से पीड़ित कैदी की सैफई के अस्पताल में मौत की सूचना पर जिला जेल में बंदियों ने बवाल कर दिया। डिप्टी जेलर पर हमला किया। पथराव के बाद अस्पताल व बैरकों में आग लगा दी। बवाल के दौरान एक बंदी का पेट फट गया। उसकी अस्पताल में मौत हो गई। पुलिस ने लाठियां चलाने के साथ हवाई फायरिंग, आंसू गैस के गोले व मिर्ची बम चलाकर करीब तीन घंटे में उपद्रवी बंदियों को काबू में किया। हमले में करीब 20 बंदी और 30 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। फायरिंग की बात भी सामने आ रही है। एसपी ने बंदियों के घायल होने से इनकार किया है। मरने से पहले लोहिया अस्पताल में बंदी ने जेलर पर गोली मारने का आरोप लगाया था।
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फर्रुखाबाद के मेरापुर थाना क्षेत्र के बिराहिमपुर निवासी रणवीर सिंह का बेटा संदीप यादव (28) दहेज हत्या की सजा काट रहा था। वह जेल की बैरक संख्या नौ-ए में बंद था। डेंगू की चपेट में आए कैदी संदीप को सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी में भर्ती कराया गया था। शनिवार शाम उसकी मौत हो गई। संदीप का रिश्ते का भाई संजीव भी दुष्कर्म के आरोप में जिला जेल में बंद है। जेल प्रशासन ने रविवार सुबह संजीव को संदीप की मौत की सूचना दी। डिप्टी जेलर शैलेश कुमार सोनकर सुबह करीब 8:30 बजे चाय-नाश्ता बंटवाने बैरक नंबर नौ में पहुंचे, तभी उन पर बंदियों ने हमला कर दिया। बंदी रक्षकों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया। इसी बीच बंदियों ने पथराव शुरू कर दिया। इससे जेल में भगदड़ मच गई। बंदियों ने अस्पताल, दो बैरकों और कार्यालय में आग लगा दी।
जेलर अखिलेश कुमार की सूचना पर डीएम संजय कुमार सिंह, एसपी अशोक कुमार मीणा भारी फोर्स और फायर ब्रिगेड के साथ जेल पहुंचे। बंदियों को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने हवा में कई राउंड फायर किए। स्थिति नियंत्रण में न आने पर पुलिस ने आंसू गैस के गोले व मिर्ची बम चलाए। बंदियों को चारों ओर से घेर लिया। पकड़ में आए बंदियों पर लाठियां भांजी गईं।
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इसी बीच राजेपुर थाना क्षेत्र के गांव जैनापुर के मूल निवासी (वर्तमान पता मोहल्ला अंगूरीबाग, फर्रुखाबाद) बंदी शिवम का पेट कोई चीज लगने से फट गया। पथराव में सीओ अमृतपुर अजेय शर्मा व सिपाही जितेंद्र भी घायल हो गए। पुलिस ने बंदी व सिपाही को एंबुलेंस से लोहिया अस्पताल पहुंचाया। वहां से बंदी शिवम को सैफई रेफर कर दिया गया। सैफई में डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
करीब तीन घंटे बाद जैसे-तैसे पुलिस बवाल पर नियंत्रण कर पाई। सभी बंदियों को बैरकों में पहुंचा दिया गया। बवाल में करीब 20 बंदियों के घायल होने की भी चर्चा है, किंतु किसी अधिकारी ने इसकी पुष्टि नहीं की है।
जेल से निकले एसपी ने बताया कि कैदी संदीप की डेंगू से मौत की सूचना के बाद उसके भाई व अन्य बंदियों ने नियोजित तरीके से डिप्टी जेलर पर हमला कर आगजनी व पथराव किया। इसमें 30 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। बवाल करने वाले बंदियों को चिह्नित कर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। जेल में अब स्थिति सामान्य है। कितने बंदी घायल हुए हैं, एसपी ने इसकी जानकारी नहीं दी। उन्होंने लाठीचार्ज और फायरिंग होने की बात से भी इनकार किया है।
डीएम संजय कुमार सिंह ने कहा कि जेल में हुए घटनाक्रम की कमेटी बनाकर जांच कराई जाएगी। जांच में जो दोषी होगा पर उस पर कार्रवाई की जाएगी। जेल में अब स्थिति सामान्य है।

उपद्रव के बाद जिला जेल में जाते डीएम संजय कुमार सिंह। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD

उपद्रव के चलते फतेहगढ़ स्थित जिला जेल में फोर्स के साथ जाते एसपी अशोक कुमार मीणा। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD

फतेहगढ़ स्थित जिला जेल की बैरक की छत से बंदी को उतारते पुलिस कर्मी। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD

फतेहगढ़ स्थित जिला जेल में बंदियों को बैरक से नीचे उतारते पुलिस कर्मी। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD

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