झांसी। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज की डॉ. रचना चौरसिया की लिखी नॉवेल सेवेज को थ्रिलर पुस्तकों में काफी पसंद किया जा रहा है। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म में तो यह पहले पायदान पर पहुंच चुकी है। आलोचकों द्वारा समीक्षा लेखों में भी इसे सराहा गया है। सड़क हादसे पर लिखी गई इस पुस्तक को ट्रैफिक नियम बनाने वालों को पढ़ने का भी सुझाव दिया गया है।
डॉ. रचना ने बताया कि सेवेज एक डॉक्टर की कहानी है, जिसकी पत्नी और बेटी की सड़क हादसे में मृत्यु हो जाती है। वह खुद भी गंभीर रूप से जख्मी होकर कोमा में चला जाता है। एक महीने बाद जब वह कोमा से बाहर आता है, तो पता चलता है कि एक्सीडेंट ट्रक वाले की गलती से हुआ है। ट्रक ड्राइवर को पकड़ना तो दूर, जब वह पता भी नहीं कर पाता है तो सीरियल किलर बन जाता है। इस किताब में कई मोड़ भी हैं। किताब की लेखिका ने बताया कि दुर्घटना वो होती है, जिसमें किसी की गलती न हो, जैसे कि भूस्खलन। जहां किसी की गलती हो, उसे दुर्घटना कैसे कह सकते हैं। कोई गलत साइड पर गाड़ी चलाता हुआ किसी का एक्सीडेंट कर दे तो दुर्घटना नहीं गैर इरादतन हत्या हुई है। उन्होंने बताया कि किताब लिखने की प्रेरणा मेडिकल कॉलेज में आने वाले दुर्घटना का शिकार मरीजों को देखकर मिली।