महानगर में अवैध कॉलोनियों की भरमार है। कॉलोनियों में प्लाट बेचने के नाम पर कॉलोनाइजर खरीदार से कई तरह के वादे कर देते हैं। इसमें बिजली कनेक्शन भी शामिल रहता है। बिजली विभाग अनाधिकृत कॉलोनी में कनेक्शन नहीं देता है। इस कारण मकान बन जाने के बाद लोग कनेक्शन के लिए परेशान रहते हैं। इसका फायदा उठाकर बहुत से लोग रातोंरात बिजली लाइन खींच देते हैं और कनेक्शन करा देते हैं।
फोन नंबर जारी किया
ऐसे बहुत से लोग सक्रिय हैं, जो बिना बिजली विभाग को सूचना दिए या बिना अनुमति के बिजली लाइन शिफ्ट कर रहे हैं अथवा खंभे भी बदल रहे हैं। कुछ लोग तो सीधे ट्रांसफार्मर से कनेक्शन ले रहे हैं। बार- बार आ रही शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए बिजली विभाग ने एक फोन नंबर जारी किया है। इस पर कोई भी व्यक्ति सूचना दे सकता है। सूचना देने वाले का नाम गोपनीय रखा जाएगा।
धारा 131 के तहत कार्रवाई
कुछ लोगों के ट्रांसफार्मर से हैवी लोड के कनेक्शन होते हैं। लेकिन, शटडाउन नहीं होने से कनेक्शन नहीं हो पाते हैं और उपभोक्ता इसके लिए जल्दी मचाते हैं। वह किसी मैकेनिक से संपर्क करते है और पैसा देकर कनेक्शन जुड़वा लेते हैं। बिजली विभाग को बिना सूचना दिए यह सब करना दंडनीय अपराध है। इसे ध्यान में रखते हुए बिजली विभाग ने टेलीफोन नंबर 0510- 2330553 जारी किया है। यदि कोई बिजली विभाग को सूचना दिए बगैर यह सब करता है तो उसके खिलाफ धारा 131 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
यह है धारा 131
यदि उपभोक्ता किसी के बहकावे में आकर मीटर में छेड़छाड़, उखाड़कर अन्य स्थान पर स्थापित करता है या सर्विस लाइन को नुकसान पहुंचाता है, तो ऐसे लोगों के खिलाफ विद्युत अधिनियम की धारा 131 के तहत कार्रवाई होगी। इसमें तीन वर्ष का कारावास अथवा दस हजार रुपये जुर्माना या दोनों सजाएं से साथ- साथ दंडित करने का प्रावधान है।