मीरगंज थाना के एक गांव में माचिस लेने जा रही किशोरी के साथ सामूहिक दुष्कर्म का मामला सामने आया है। 26 जुलाई को हुई इस घटना को किशोरी ने अबतक इसलिए छिपाए रखा क्योंकि आरोपियों ने उसे धमकी दी थी कि अगर उसने जुबान खोली तो अंजाम बुरा होगा। शुक्रवार को पीड़ित किशोरी की मां की तहरीर पर पुलिस ने तीन युवकों के खिलाफ नामजद केस दर्ज कर किशोरी को मेडिकल परीक्षण के लिए भेज दिया और घटना की छानबीन में जुटी है।
मीरगंज थाना क्षेत्र के एक गांव की महिला ने पुलिस को दी गई तहरीर में कहा है कि 26 जुलाई की रात आठ बजे उनकी बेटी माचिस लेने दुकान पर जा रही थी। रास्ते में एक आटा चक्की के पास तीन युवकों ने उसे पकड़ लिया और आटा चक्की वाले कमरे में ले जाकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। दुष्कर्म के बाद आरोपियों ने बेटी को धमकी दी थी कि अगर इस घटना के बारे में उसने किसी से कुछ बताया तो अंजाम बुरा होगा। धमकी से सहमी बेटी ने परिजनों को भी कुछ नहीं बताया। अब उसे किसी तरह हिम्मत हुई तो शुक्रवार को घटना की जानकारी अपनी मां को दी। पीड़ित किशोरी को लेकर मां थाने पहुंची और पुलिस को तहरीर दी। पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ पास्को एक्ट व दुष्कर्म की धाराओं मे मुकदमा दर्ज करके किशोरी को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए भेज दिया। थानाध्यक्ष मीरगंज राणाप्रताप यादव ने बताया कि किशोरी की मां की तहरीर पर तीन युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करके चिकित्सक परीक्षण के लिए भेजा गया है ।