कदौरा। बजट के अभाव में लंबे समय से ग्राम पंचायतों में ठप पड़े विकास कार्यों के फिर से रफ्तार पकड़ने का रास्ता साफ हो गया है। केंद्र सरकार ने विकास के लिए चार करोड़ रूपये का बजट जारी किया हैं, पंचायती राज विभाग आबादी के अनुसार ग्राम पंचायतों को बजट जारी करेगा।
भारत सरकार की ओर से ग्राम पंचायतों को पेयजल, सीवरेज,स्ट्रीट लाइट आदि व्यवस्थाओं के लिए भारी भरकम धनराशि दी जाती है। इस बार 15 वें वित्त आयोग से टाइड ग्रांट के जरिए नाला, नाली निर्माण आदि के लिए तीन करोड़ 81 लाख 8 हजार 625 रूपये का बजट मिला है। जल्द ही इस धनराशि से गांवो में कई विकास कार्यों में तेजी आएगी। इससे कई गांवों में जल निकासी के संकट का समाधान करने में आसानी होगी। सहायक विकास अधिकारी (एडीओ पंचायत) संतोष बाबू गौतम ने बताया कि बजट मिला है। ग्राम पंचायत को आवंटित कर दिया गया है। इससे गांवों मेंं विकास कार्य में तेजी आएगी।
-टाइड (निदिष्ट) व अनटाइड (बुनियादी) ग्रांट से मिलता है पैसा, केंद्रीय 15 वें वित्त आयोग की तरफ से ग्राम पंचायतों में विकास कार्य कराने के लिए बजट उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। गांवों में विकास के लिए सरकार समय-समय पर टाइट व अनटाइड ग्रांट के जरिए धन उपलब्ध कराती है। टाइट ग्रांट में नाला,नाली शौचालय व साफ-सफाई को बढ़ावा देने के लिए कार्यों कराया जाता है। जबकि अनटाइड फंड से सड़क, सरोवर आदि विकास कार्य होते हैं।
यह काम भी कराए जा सकेंगे
पेयजल सुविधा,सीवरेज व्यवस्था,सॉलिड लिक्विड,वेस्ट मैनेजमेंट,स्ट्रीट लाइट मार्ग एवं अन्य नागरिक सुविधाओं आदि के रखरखाव, अनुरक्षण पर खर्च, आवंटित धनराशि से स्वच्छता सुविधाए,पेयजल आपूर्ति,पुरानी जलापूर्ति, योजनाओं का पुनर्वास एवं नवीन योजनाओं का क्रियान्वयन।