पर्यटन का मॉडल बनेगा आलमनगर का तालाब
गढ़मुक्तेश्वर। गांव आलमनगर का तालाब जल्द की पर्यटन स्थल के रूप में चमचमाएगा। नीति आयोग के उपाध्यक्ष के निर्देश पर बारिश के बाद इसका सुंदरीकरण होगा। इस संबंध में जल निगम के परियोजना प्रबंधक ने पर्यटन विभाग को पत्र भेजा है। गढ़ ब्लॉक को तालाब के साफ सफाई का जिम्मा सौंप दिया है।
नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने गढ़ ब्लॉक क्षेत्र के गंगा तटीय पुरातन गांव पुष्पावती पूठ व आलमनगर को गोद लिया हुआ है। दोनों गांवों के विकास के लिए उनके निर्देश पर योजनाओं पर अमल किया जा रहा है। इसके तहत गांव पुष्पावती में गंगा पर पक्के घाट, शौचालय, महिलाओं के वस्त्र बदलने के कक्ष का निर्माण कार्य शुरू करा दिया गया है।
आलमनगर में भी सड़क का निर्माण शुरू करा दिया गया है। साथ ही यहां स्थित तालाब की सफाई, सुंदरीकरण का कार्य भी कराया जाना प्रस्तावित है। उक्त कार्य जल निगम और पर्यटन विभाग द्वारा कराए जा रहे हैं। मुख्य बात यह है कि इस तालाब को मॉडल के रूप में उबारा जाना है। इसकी अलौकिक सुंदरता देखते ही बनेगी।
-इस तरह डाला जाएगा तालाब में पानी
आलमनगर में स्थित तालाब की साफ-सफाई के बाद इसके दो हिस्से किए जाएंगे। एक हिस्से में आबादी का पानी डाला जाएगा, जिसे साफ कर दूसरे हिस्से में छोड़ा जाएगा। इससे पानी अशुद्ध भी नहीं रहेगा और लोगों को इसका लाभ मिल सकेगा।
यह होंगे काम
*तालाब के बीच में फव्वारे का निर्माण।
*तालाब के चारों तरफ फुटपाथ।
*लोगों के बैठने के लिए बेंच की व्यवस्था।
*पानी को शुद्ध करने के लिए नेचुरल घास।
*मच्छरों के लार्वा को नष्ट करने के लिए मछली।
मिला चुका है पत्र, जल्द शुरू होगा कार्य
जल निगम के परियोजना प्रबंधक एसके दोहरे का पत्र मिला है। इसमें तालाब के सुंदरीकरण की बात कही गई है। पत्र पर संज्ञान लेते हुए गढ़ ब्लॉक को साफ सफाई के लिए पत्र भेजा गया है। सुंदरीकरण की प्लानिंग कर ली गई है।--अंजू चौधरी, क्षेत्रीय अध्यक्ष, पर्यटन विभाग।
-बरसात बाद कराई जाएगी सफाई
बीडीओ गढ़ मयंक गोस्वामी ने बताया कि तालाब का कुल रकबा करीब आठ बीघा है। मानसून का मौसम होने के चलते इस समय सफाई कराना मुमकिन नहीं है। बरसात के बाद तालाब को खाली कराकर सफाई कराई जाएगी। जिसके बाद सुंदरीकरण के लिए तालाब पर्यटन विभाग के सुपुर्द कर दिया जाएगा। संवाद