फिरोजाबाद। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ चयन आयोग द्वारा आयोजित प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) जनपद के 22 केंद्रों पर आयोजित हुई। दो पालियों में हुई परीक्षा में 14976 परीक्षार्थी शामिल हुए। जबकि 2185 लोगों ने परीक्षा छोड़ दी। कोविड नियमों के तहत परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। शासन से आए पर्यवेक्षक विशेष सचिव वित्त विभाग प्रकाश बिंदु और डीआईओएस बालमुकुंद प्रसाद सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। सीसीटीवी कैमरों से परीक्षा की निगरानी की गई। प्रशासन की ओर तैनात किए सेक्टर मजिस्ट्रेट और स्टेटिक मजिस्ट्रेट परीक्षा केंद्र पर मौजूद रहे।
पहली पाली सुबह 10 से 12 बजे तक संपन्न हुई। इस पाली में पंजीकृत 8581 में से 7427 परीक्षार्थियों ने परीक्षार्थी दी। शेष 1154 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। सघन तलाशी के बाद परीक्षार्थियों को प्रवेश दिया गया। वहीं, दूसरी पाली में पंजीकृत 8580 परीक्षार्थियों में से 7549 ने परीक्षा दी। 1031 परीक्षार्थी परीक्षा देने के लिए केंद्रों पर नहीं आए। परीक्षार्थियों को प्रवेश से पूर्व मुख्य द्वार पर स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा थर्मल स्क्रीनिंग की गई।
पर्यवेक्षक ने एके कॉलेज शिकोहाबाद, बीडीएम गर्ल्स इंका, दाऊदयाल गर्ल्स इंका, दाऊदयाल गर्ल्स डिग्री कॉलेज, राजकीय कन्या इंका टूंडला, गिरधारी इंका सिरसागंज, इस्लामियां इंका फिरोजाबाद का निरीक्षण किया। क्षेत्रीय इंका सिरसागंज, एमजी गर्ल्स डिग्री कॉलेज, नारायण इंका शिकोहाबाद, नारायण डिग्री कॉलेज, प्रोफेसर राजेंद्र सिंह इंका सुहागनगर, एसआर ज्ञानेश्वरी इंका, एअसारके इंका, एसआरके डिग्री कॉलेज, गोपीनाथ इंका, एमडी जैन इंका सिरसागंज, पीडी जैन इंका, तिलक इंका, तारा सिंह इंका नौशहरा में सचलदल और सेक्टर मजिस्ट्रेट परीक्षा केंद्रों पर पहुंचे। सख्ती से परीक्षा कराने के लिए पर्याप्त मात्रा में पुलिस फोर्स तैनात रहा। पर्यवेक्षक और डीआईओएस ने परीक्षा केंद्रों पर जाकर सीसीटीवी कैमरे भी चेक किए।
परीक्षा छूटने के बाद लगा जाम
परीक्षा छूटने के बाद केंद्र के बाहर जाम की स्थिति बनीं रही। दूरदराज से परीक्षा देने आए लोग इसके कारण काफी परेशान रहे। वहीं जाम की स्थिति से निपटने के लिए पुलिस प्रशासन का सहयोग समय पर न मिल पाने के कारण जाम के हालात केंद्र के आस पास घंटों बने रहे। शिकोहाबाद, सिरसागंज सहित अन्य क्षेत्रों से परीक्षार्थी परीक्षा देने के लिए आए। दूसरी पाली में भी यही हाल रहा।