एटा। जलेसर क्षेत्र के गांव नूंहखेड़ा की बच्ची की बुखार से मौत हो गई। देवू सिंह की पुत्री आराध्या (9) को पांच दिनों से बुखार आ रहा था। पहले निजी चिकित्सकों से दवा ली। बाद में सीएचसी पर दिखाया। शनिवार को उसे आगरा ले जाने की सलाह दी गई।
रात के समय परिजन आगरा ले जा रहे थे, लेकिन वहां पहुंचने से पहले रास्ते में मौत हो गई। जिसका रविवार को यहां अंतिम संस्कार किया गया। परिजनों ने बताया कि आराध्या की सात वर्षीय बहन और पांच वर्षीय भाई को भी तेज बुखार है। दोनों ही आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती हैं।
शहर के जाटवपुरा निवासी चार वर्षीय बच्चे रिषी कुमार की हालत दवा से बिगड़ गई। पेट दर्द होने पर परिजनों ने उसे शनिवार को जिला अस्पताल में दिखाया था। यहां चिकित्सकों ने कोई सीरप लिखा। यह सीरप पीने के बाद उसकी हालत बिगड़ी तो परिजन रविवार को निजी चिकित्सकों के यहां इलाज कराते रहे। सोमवार को मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में पहुंचकर भर्ती कराया। डॉ. अंशुल गुप्ता ने बताया कि किसी दवा से बच्चे को साइड इफेक्ट हो गया था, अब वह सही है। संवाद