एटा। जिले में बृहस्पतिवार को बुखार से एक बालिका सहित पांच लोगों की जान चली गई। जलेसर क्षेत्र में तीन व जैथरा क्षेत्र के दो लोगों की मौत हुई है, जबकि मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में छह बुखार के पीड़ित भर्ती हुए, जिनमें से एक महिला को आगरा रेफर किया गया। जलेसर के मोहल्ला अग्रेयान निवासी 13 वर्षीय इशाद पुत्र हैदर को कई दिन से बुखार आ रहा था। उसे अलीगढ़ के मेडिकल कॉलेज में डेंगू की पुष्टि हुई थी। इलाज के दौरान बृहस्पतिवार को उसकी मौत हो गई। क्षेत्र के गांव काजीपुर में 8 वर्षीय लविश्का पुत्री श्याम सुंदर की मौत हो गई। वह पांच दिन से बुखार से पीड़ित थी। गांव के ही रामप्रकाश की 15 वर्षीय पुत्री पूनम की भी बुखार के चलते मौत हुई है।
उधर, जैथरा कस्बा के मोहल्ला शास्त्री नगर निवासी 25 वर्षीय अतुल गुप्ता पुत्र सुनील गुप्ता को पांच दिन से बुखार आ रहा था। प्राइवेट नर्सिंग होम में उसे डेंगू की पुष्टि हुई। बृहस्पतिवार को इलाज के लिए परिजन एटा मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में लेकर पहुंचे। जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। जैथरा क्षेत्र के ही गांव ढकपुरा निवासी 30 वर्षीय जयराम पुत्र तुलसी को एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। जैथरा के निजी चिकित्सकों से इलाज करा रहा था। गांव में ही मौत हो गई। वहीं मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में बृहस्पतिवार को लालपुर निवासी प्रिया, निधौली खुर्द निवासी माया व नीरज, रामपुर घनश्यामपुर निवासी आरती, जिला जेल से अमित व कासगंज के ताजपुर से राखी को बुखार के चलते भर्ती कराया गया। जहां चिकित्सक ने राखी की गंभीर हालत देखते हुए आगरा रेफर कर दिया है।
काजीपुर में बिगड़े हालात, सैकड़ों लोग बीमार
जलेसर (एटा)। क्षेत्र के गांव काजीपुर में बुखार से हालात बिगड़ गए हैं। दो की मौत हो गई और सैकड़ों लोग बीमार हैं। कई दिनों से बीमारी का सिलसिला चल रहा है। आसपास इलाज की उचित व्यवस्था न होने के कारण मर्ज बढ़ता जा रहा है। ग्राम प्रधान शंकर यादव ने बताया कि गांव के 80 फीसदी लोग मलेरिया, डेंगू, बुखार की चपेट में आ चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा सिर्फ टीमें भेजी गई हैं। टीमों के पास न संसाधन हैं और न ही दवाएं। सीएचसी अधीक्षक डॉ. पवन शर्मा ने बताया कि काजीपुर में बीमारी फैलने की जानकारी है। लगातार मेडिकल टीमें भेजकर लोगों की जांच कर उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। संवाद