बरहज। सरयू नदी पीछे हटने के बाद फिर बढ़ने लगी है। चार दिन से प्रतिदिन नदी का जलस्तर पांच सेमी बढ़ रहा है। इससे तटवर्ती लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। नदी खतरे के निशान 66.50 से 50 सेमी ऊपर बह रही है।
नदी इस बार उच्चतम खतरे के निशान 66.50 से 1.05 मीटर ऊपर 67.55 मीटर तक पहुंची थी। पीछे हटने के बाद नदी के जलस्तर में 75 सेमी की कमी आई थी।
इससे लोगों ने कुछ हद तक राहत महसूस की थी। नदी के एक बार फिर करवट लेने से जलस्तर में तेजी आई है।
नदी के जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि से परसियां-विशुनपुर देवार के लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
वहीं राप्ती नदी से घिरा होने के कारण भदिला प्रथम गांव टापू बना हुआ है। इससे गांव के लोगों की दुश्वारियां बरकरार हैं। नदी में उफान आने से बाढ़ का पानी रिहायशी इलाकों की रुख करने लगा है।