जनपद स्तरीय अधिकारियों की बैठक सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। इसमें गर्मी के दिनों में गोवंश आश्रय स्थलों में पशुओं के लिए हरा चारा, भूसा, पानी आदि के इंतजाम को लेकर चर्चा की गई। वहीं पौधरोपण को लेकर भी रणनीति बनी। जिलाधिकारी संजीव सिंह ने भूसा संग्रह में रुचि न लेने पर नाराजगी जताई। वहीं अधिकारियों को इस दिशा में तेजी से काम करने के निर्देश दिए। वहीं लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी।
इस दौरान उन्होंने कहा कि किसानों से अपील कर दान का भूसा ब्लाकवार संग्रह करने का निर्देश दिया गया था। उसकी स्थिति संतोषजनक नहीं है। सभी बीडीओ को लक्ष्य के अनुरूप भूसा संग्रह की हिदायत दी। कहा कि इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई तय है। कहा कि प्रत्येक विकास खंड में पशुओं के लिए हरा चारा उगाने के लिए जमीन चिह्नित कर ली जाए। इसकी चहारदीवारी कराकर इसमें घास उगाई जाए। बीडीओ गोवंश आश्रय स्थलों का जायजा लेते रहें। वहां चारा, पेयजल समेत अन्य इंतजाम मुकम्मल होने चाहिए।
बारिश से पहले ही गड्ढों की खोदाई समेत अन्य कार्य पूरे कर लिए जाएं। कुओं व तालाबों का संरक्षण जरूरी है। मानसून से पहले इस दिशा में भी तेजी से काम करें। सार्वजनिक शौचालयों व पंचायत भवनों के निर्माण का शत प्रतिशत कार्य पूर्ण कराएं। इसमें लापरवाही कत्तई क्षम्य नहीं होगी। इस दौरान सीडीओ अजितेंद्र नारायण, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. एके वैश्य, सदर एसडीएम अविनाश कुमार, एसडीएम मनोज पाठक आदि रहे।