उझानी (बदायूं)। बिल्सी निवासी सराफ को सोने की चार चेन का चूना लगाने वाले ठग के सोमवार को पकड़े जाने के बाद पूछताछ में पुलिस को अहम जानकारी हाथ लगी है। सामने आया है कि ठग फिरोजाबाद का निवासी है। उसने सोने की चारों चेन और दो-तीन अंगूठियां सिरसागंज के ही एक सराफ को बेच दीं थीं।
ठग की निशानदेही पर पुलिस ने सराफ के सिरसागंज स्थित प्रतिष्ठान पर दबिश दी लेकिन वह पकड़ में नहीं आया। उसके बेटे को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। मंगलवार पूरे दिन पुलिस तहकीकात में जुटी रही।
सोमवार शाम कछला रोड मार्केट में पकड़े गए ठग ने बताया कि वह फिरोजाबाद का निवासी है। उसने अपने साथी की मदद से कासगंज और बदायूं जिले में तीन-चार स्थानों पर सराफों से सोने के जेवरात ठगे। बताते हैं कि उसने सात अगस्त को बिल्सी निवासी सराफ रामप्रकाश वार्ष्णेय को नकली हार देकर सोने की जिन चार चेन की ठगी की, उन्हें फिरोजाबाद जिले के सिरसागंज निवासी सराफ को बेच दिया था।
पूछताछ के दौरान ठग ने पुलिस को यह भी बताया कि कासगंज में पिछले महीने उसने एक सराफ को बिल्सी वाले अंदाज में चूना लगाया था।
कासगंज से ठगी का माल भी उसने सिरसागंज में ही बेचा था। ठग का फरार साथी अभी पुलिस की पकड़ में नहीं आया है लेकिन यह बात साफ हो गई है कि सोमवार को वह उसी के साथ कछला रोड में मार्केट में था।
सोने की चेन की बरामदगी के लिए सोमवार रात में पुलिस ने सिरसागंज पहुंचकर सराफ के घर पर दबिश दी लेकिन वह नहीं मिला। पुलिस ने उसके बेटे को हिरासत में ले लिया।
सिरसागंज के सराफ की पैरोकारी में मंगलवार सुबह उसके नजदीकी कारोबारी कोतवाली पहुंचे और दरोगा रामेंद्र सिंह से मुलाकात की। पुलिस ने पैरोकारों के जरिए सोने की चेन बरामदगी का दवाब बनाना शुरू कर दिया है।
इधर, बिल्सी थाना पुलिस के दरोगा सुनील कुमार ने भी यहां आकर ठग से पूछताछ की। साथ ही उसे वह नकली हार भी दिखाया जिसे सराफ को सौंपकर सोने की चेन हथिया ली र्गइं थीं।
उझानी पुलिस ने खुलासा किया तो बिल्सी पुलिस ने लिखी सराफ की रिपोर्ट
बिल्सी। उझानी पुलिस ने अपने यहां ठग पकड़कर सख्ती की तो उसने बिल्सी में सराफ से की गई सोने की चार चेन की ठगी का खुलासा कर दिया। इसके बाद 25 दिन से सराफ को चक्कर लगवा रही बिल्सी पुलिस ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट लिख ली।
नगर के अटल चौक पर 25 दिन पहले एक व्यक्ति ने सराफ राम प्रकाश वार्ष्णेय को नकली सोने के आभूषण थमाकर सोने की चार चेन ले ली थीं और उन्हें पसंद कराने की बात कहकर फरार हो गया। सराफ को ठग ने अपना नाम सतीश बताया था। घटना के बाद सराफ उसी दिन कोतवाली गए थे और पुलिस को सतीश के खिलाफ तहरीर दी। पुलिस ने तब रिपोर्ट लिखने के बजाय सराफ को दिलासा देकर वापस कर दिया। तब से आज तक सराफ की न तो रिपोर्ट लिखी गई और न ही आरोपी को ही पकड़ने की कोशिश हुई। अब जब उझानी पुलिस ने ठग को पकड़कर बिल्सी की घटना खोल दी है तो यहां भी रिपोर्ट लिख ली गई है। संवाद