34 दिन पहले गैंगस्टर एक्ट में हो चुकी है मुनीर को सजा
बिजनौर। एनआईए के डिप्टी एसपी तंजील अहमद और उनकी पत्नी की हत्या में मुनीर और रैय्यान को दोषी माना है। इस पर आज फैसला आएगा। जबकि 34 दिन पहले भी गैंगस्टर एक्ट में दोनों को सजा सुनाई जा चुकी है।
एडीजे गैंगस्टर कोर्ट डॉ. विजय कुमार ने गैंग बनाकर यूपी, दिल्ली और अन्य राज्यों में हत्या, लूट आदि गंभीर अपराध कर आतंक फैलाने का दोषी पाते हुए गैंगस्टर मुनीर को 10 वर्ष के कारावास और एक लाख रुपये अर्थदंड और रैय्यान को भी पांच साल का कारावास और 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई थी। दोष सिद्ध नहीं होने पर तीन आरोपियों को बरी कर दिया गया था। मुनीर पर कुल 35 मुकदमे दर्ज हैं, जिसमें 13 बिजनौर में हैं। हत्याकांड के बाद थानाध्यक्ष स्योहारा ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि गैंग लीडर मुनीर और उसके साथी रैय्यान, जैनी, तंजीम अहमद और रिजवान निवासी सहसपुर गैंग बनाकर अपराध करते हैं। जनपद बिजनौर तथा अन्य राज्यों में हत्या, लूट, डकैती जैसे जघन्य अपराध कर इन्होंने धन अर्जित किया है। मुनीर ने अपने साथियों के साथ मिलकर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) के डिप्टी एसपी तंजील अहमद और उनकी पत्नी फरजाना की हत्या की थी। धामपुर में पंजाब नेशनल बैंक की कैश वैन से 95 लाख रुपये के लूट में भी गैंग शामिल था। हालांकि रैय्यान, जैनी, तंजीम अहमद और रिजवान को गैंगस्टर कोर्ट ने बरी कर दिया था।