बिजनौर के धामपुर थाना क्षेत्र के गांव हकीमपुर नारायण उर्फ नंगला में मारपीट के आरोप में कोर्ट से जारी नोटिस को तामील कराने गई पुलिस टीम पर गांव के एक अन्य व्यक्ति ने पथराव कर दिया। जिसमें दरोगा और दो सिपाही घायल हो गए। पथराव में सरकारी कार का पीछे का शीश भी टूट गया है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसका चालान कर दिया। घायल दारोगा और सिपाहियों का सरकारी अस्पताल में उपचार कराया गया। दारोगा यशवीर सिंह की ओर से नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई है।
पुलिस पर हमला, कार का शीशा भी तोड़ा
थाने में तैनात उप निरीक्षक यशवीर सिंह ने बताया कि वह क्षेत्र के गांव सरकथल नंगला उर्फ हकीमपुर नारायन उर्फ नंगला निवासी ग्रामवासियों पर पूर्व में विचाराधीन मामले की विवेचना करने गांव पहुंचे थे। आरोप है कि जब वह दिनेश कुमार उर्फ कलवा को बुलाकर नोटिस तामील करा गांव में संबंधित अपराधों के तहत ग्रामीणों से चर्चा कर रहे थे। इसी दौरान पुनीत पुत्र तेजपाल उनके पास आया और पुलिस टीम के साथ गाली-गलौज करते हुए पथराव कर दिया। पुलिस कर्मियों से मारपीट कर सरकारी कार्य में बाधा डालने लगा। हमले में दारोगा यशवीर सिंह, कांस्टेबल अमित हुड्डा, निर्मल प्रताप सिंह घायल हो गए। थाने की सरकारी कार का पिछला शीशा भी टूट गया है। उप निरीक्षक यशवीर सिंह की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
अपर पुलिस अधीक्षक रामअर्ज का कहना है कि जिसको नोटिस तामील कराना था, उसे कोई दिक्कत नहीं थी। दिक्क्त गांव के एक अन्य व्यक्ति को हुई थी। उसी ने पथराव कर पुलिसकर्मियों को घायल कर दिया। पुलिस ने आरोपी पुनीत को गिरफ्तार कर उसका चालान कर दिया है।
पुलिस के साथ किसी ने मारपीट नहीं की: ग्रामीण
ग्रामवासियों का कहना है कि पुलिस के साथ गांव में मारपीट नहीं हुई है। बल्कि पुलिस ने गांव में पहुंचकर जमकर उत्पात मचाया। उसके बाद रात में जब ग्रामीण ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से हलका दारोगा की शिकायत करने कोतवाली पहुंचे तो वहां पुलिस कर्मियों ने पीएसी जवानों के साथ मिलकर उन्हें दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। इसमें कई लोग घायल हो गए। इस दौरान नगीना चौराहा पर लोगों में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने घटना से एसपी बिजनौर और डीआईजी मुरादाबाद को अवगत कराकर मामले की जांच कराने की मांग की है।