ज्ञानपुर। ईंट पथाई का नया सत्र शुरू हुए करीब दो महीने से अधिक समय हो गए, लेकिन भट्टा संचालक विनियमन शुल्क रायल्टी नहीं जमा कर रहे। इसको लेकर खनन विभाग ने सख्त रवैया अख्तियार किया है। चेतावनी दी कि जल्द ही शुल्क नहीं जमा हुआ तो भट्ठों को सूचीबद्ध कर बंद कराया जाएगा।
जिले में कुल 169 ईट भट्ठा संचालित हैं। संचालकों को प्रत्येक वर्ष गाइडलाइन का पालन करते हुए विनियमन शुल्क जमा करना होता है। इसके अलावा प्रदूषण से जुड़ा प्रमाणपत्र भी देना पड़ता है। उसके बाद जिला पंचायत विभाग लाइसेंस का नवीनीकरण करता है, लेकिन 2021-22 के सत्र में अभी तक एक भी भट्ठे का नवीनीकरण नहीं हो सका है। 150 ईंट भट्ठा संचालकों ने 50 लाख से अधिक शुल्क जमा नहीं किया है। शासन की सख्त हिदायत का भी असर नहीं पड़ रहा है। खनन विभाग ऐसे भट्ठों के खिलाफ जल्द ही अभियान चलाएगा। जिला पंचायत के रेवेन्यू इंस्पेक्टर रमेश यादव ने बताया कि 169 भट्ठों में 19 करीब बंद हो चुके हैं। 150 भट्ठों ने नवीनीकरण नहीं कराया है। रायल्टी और प्रदूषण प्रमाणपत्र देने के बाद ही लाइसेंस का नवीनीकरण होगा।