भदोही। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने शुक्रवार को रिश्वत मांगने के आरोप में प्रधान लिपिक को निलंबित कर दिया। प्रकरण की जांच सीओ भदोही को सौंपी है। लिपिक के खिलाफ लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं।
उप निरीक्षक के पद से सेवानिवृत्त विनय प्रकाश सिंह के सेवा प्रपत्र समय से तैयार नहीं हो रहे थे। जिससे उनको विभाग से मिलने वाला भुगतान समय से नहीं हो पाया था। कई बार अपने ही कार्यालय के चक्कर लगा चुके उप निरीक्षक को पता चला कि उसकी फाइल सुविधा शुल्क के इंतजार में फंसी थी। उसने प्रधान लिपिक शंभू यादव से संपर्क किया। आरोप है कि प्रधान लिपिक ने फाइल को पूर्ण करने के लिए चार हजार की रिश्वत मांगी। इसकी शिकायत विनय प्रकाश सिंह ने पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार से की। एसपी ने जांच कराई तो प्रथमदृष्टया आरोप सही निकला। जिसको संज्ञान में लेते हुए एसपी ने प्रधान लिपिक को निलंबित कर दिया। एसपी ने बताया कि लिपिक के खिलाफ लगातार शिकायतें आ रहीं थीं। प्रथमदृष्टया आरोप सही पाए जाने पर निलंबन की कार्रवाई की गई है।