फसल को काटकर छांव में रखें
कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. रंजीत सिंह के मुताबिक अब फसलों की कटाई का समय नजदीक आ रहा है। अगैती गेहूं अब पक रहे हैं तो कहीं-कहीं कटाई भी हो रही है। वहीं, सरसों भी अब तैयार होने के कगार पर है। ऐसे में अगर तेज बारिश हुई तो फसल गिरने से काफी नुकसान की संभावना है। इससे बचाव के लिए किसानों को तैयार रहना होगा।
Shahjahanpur News: खुटार से लापता हुई नेपाल की युवती, आधी रात कार में दिल्ली के दो युवकों संग मिली
उन्हें कटाई के लिए तैयार गेहूं, सरसों की फसल को जल्द सुरक्षित करना होगा। फसल काटकर छांव में रखना होगा। मौसम साफ होने पर उसे धूप दिखाएं। खेत में पानी का भराव न हो इसका पूरा ध्यान रखें। अभी से खेत में नालियां बना लें तो बेहतर रहेगा। सब्जियों की फसल पर बारिश का दुष्प्रभाव नहीं होगा मगर खेतों में जलभराव से बेलदार, लता वाली फसल में सड़न हो सकती है।
मौसम बदलने से बढ़े बुखार, जुकाम के मरीज
मौसम में तीन दिनों से दिख रहे बदलाव का असर सेहत पर भारी पड़ रहा है। शनिवार को ओपीडी में 1285 पर्चे बने। वहीं, करीब दो सौ से ज्यादा लोग पुराने पर्चे पर इलाज को पहुंचे थे। इसमें 30 फीसदी मरीज सर्दी, जुकाम, बुखार के रहे।
वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. अकीक के मुताबिक बदलते मौसम में हल्की सी अनदेखी वायरल बीमारियों की वजह बन रही है। उन्होंने सर्दी, खांसी या जकड़न का एहसास होने पर लोगों को स्टीम लेने, बुखार पर तीन दिन तक पैरासिटामॉल और इससे ज्यादा दिन बुखार होने पर डॉक्टर को दिखाने के लिए कहा है। एंटीबायोटिक दवाओं का सेवन से बचने का सुझाव दिया है।
बरेली का मौसम
अधिकतम : 25.0
न्यूनतम : 17.3
पूर्वानुमान : दिन भर हल्के घने बादल मंडराएंगे। बारिश की संभावना है।
सूर्योदय : 6:19 बजे
सूर्यास्त : 6:22 बजे