शहदाना से गंगापुर जाने वाले मार्ग पर पड़ा कूड़ा।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
शहर भर में गंदगी की भरमार, खुले पड़े नालों में पनप रहे मच्छर बढ़ा रहे हैं आशंकाएं
बरेली। डेंगू और मलेरिया के प्रकोप के बीच खुले नाले, गंदगी के ढेर और फागिंग कराने के कोरे दावे लोगों की दहशत बढ़ा रहे हैं। नगर निगम के अफसर हर रोज शहर के सात वार्डों में फागिंग कराने का दावा कर रहे हैं लेकिन लोग इसे सिरे से नकार रहे हैं। नगर निगम के आसपास के इलाकों में ही लोगों का कहना है कि उनके इलाके में अब तक एक बार भी निगम की फागिंग टीम नहीं आई है।
शहर में सफाई के इंतजाम काफी समय से ध्वस्त हैं। अक्सर नगर निगम के पार्षद ही इस पर सवाल उठाते रहे हैं। शहर में तमाम बड़े नाले न तो साफ हैं न ढके हुए हैं। पानी का बहाव न होने की वजह से इनमें मच्छरों की भरमार है। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अशोक कुमार के मुताबिक नगर निगम ने हर दिन सात वार्डों में फागिंग का रोस्टर बनाया है। बड़ी गाड़ियों के अलावा छोटी गाड़ी और बाइक से भी फॉगिंग कराई जा रही है। बुधवार को अमर उजाला की टीम ने कई इलाकों का जायजा लिया तो लोगों ने बताया कि सफाई और फागिंग के लिए वे लोग कई बार शिकायत भी कर चुके हैं, फिर भी नगर निगम से कोई राहत नहीं मिली है।
कृष्णा नगर: गली में भरा है पानी, मच्छरों की भरमार
कृष्णानगर कॉलोनी की मुख्य गली में कई दिनों से जलभराव की स्थिति है। लोग कहते हैं कि कई बार नगर निगम में शिकायत करने के बाद भी पानी का भराव खत्म करने के लिए कुछ नहीं किया गया है। राजाराम ने बताया कि काफी वक्त से जलभराव होने के कारण मकानों की नींव कमजोर हो रही है। मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है। बताया, फागिंग की मशीन महीनों से इधर नहीं आई है।
सतीपुर : नाला चोक, बदबू और मच्छरों से लोग परेशान
पूरे वार्ड से गुजरने वाला मुख्य नाला चोक है और खुला हुआ भी है। इस कारण बदबू और मच्छरों से लोग परेशान हैं। कई और नाले भी खुले हुए हैं जिनमें दूर से ही मच्छरों का लार्वा दिखाई देता है। मोहल्ले के जफर ने बताया कि रोज न उठाए जाने की वजह से कूड़ा सड़क पर फैला रहता है। बोले, पंद्रह दिन पहले एक बार फागिंग हुई थी। दोबारा नगर निगम की टीम नहीं आई।
गंगापुर रोड : 40 फुट चौड़ी सड़क के 30 फुट हिस्से पर कूड़े के ढेर
शहदाना-गंगापुर रोड पर कूड़ा डाले जाने की वजह से आधे से ज्यादा सड़क डलावघर बन गई है। नगर निगम की गाड़ियां भी सड़क पर ही कूड़ा डालती हैं। लोगों बदबू से बुरा हाल है। करीब 40 फुट चौड़ी रोड के 30 फुट हिस्से पर कीचड़ और कूड़े ढेर इकट्ठे हैं। सिर्फ दस फुट हिस्से पर ट्रैफिक निकल रहा है। मोहल्ले के मुन्ना और भूरा ने बताया कि गंदगी साफ कराने के बजाय नगर निगम के कर्मचारी भी सड़क पर ही कूड़ा डाल जाते हैं। मोहल्ले में अब तक फागिंग भी नहीं हुई है।
हजियापुर : सफाई-फागिंग के लिए नहीं कूड़ा डालने आती है निगम की टीम
बाकरगंज के बाद अब हजियापुर में कूड़े का दूसरा पहाड़ तैयार हो रहा है। नगर निगम की गाड़ियां यहां भी कूड़ा पलट जाती हैं। बबलू और टाटा ने बताया कि हजियापुर में न कोई सफाई करने आता है और न ही कभी दवा का छिड़काव कराया जाता है।