भाजपा नेता ने कहा कि हम विभाजन की विभीषिका को भूल कर आजादी के उत्सव में लगे रहे और विभाजन के खलनायकों को नायक बनाकर लाखों परिवारों की तड़प और करोड़ों लोगों की त्रासदी को नजरअंदाज करते रहे। कहा कि यह दिन हमें भेदभाव, वैमनस्य के जहर को खत्म करने के लिए ना केवल प्रेरित करता है, बल्कि इससे एकता, सामाजिक सद्भाव और मानवीय संवेदनाएं भी मजबूत होती हैं।
नकवी ने कहा कि आजादी के बाद पहला मौका है, जब नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र में कोई गैर-कांग्रेसी सरकार सुशासन, समृद्धि, स्थायित्व के विश्वास और जनप्रिय नेतृत्व व लोकप्रिय नीतियों के सफल सफर के साथ, दुनिया में भारत की धाक-धमक को मजबूत करती अपने दो कार्यकाल पूरे कर तीसरे कार्यकाल की तरफ बढ़ रही है।