सद्दाम और आतिन के अलावा सबको जमानत
सद्दाम और आतिन के अलावा गिरोह के सभी सदस्यों को कोर्ट से जमानत मिल गई थी। जेल से छूटने के बाद सभी भूमिगत हो गए थे। बिथरी थाने में गैंगस्टर का मुकदमा दर्ज होने के बाद सद्दाम के गुर्गे शहर छोड़कर फरार हो गए हैं।
असद को भगाने वाले आतिन जफर पर भी शिकंजा
उमेश पाल की हत्या के बाद असद को भगाने में आतिन जफर ने मदद की थी। जांच में सामने आया था कि आतिन ने भी जेल में बंद अशरफ से अवैध मुलाकात की थी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पुलिस ने आतिन पर भी गैंगस्टर लगाया है।
इन पर हुई कार्रवाई
गैंग लीडर सद्दाम उर्फ अब्दुल समद निवासी हटवा प्रयागराज, जेल वार्डर मनोज कुमार गौड़ निवासी अशरफ खां छावनी (मूल निवासी गांव कसली, थाना मईल, जिला देवरिया) और शिवहरी अवस्थी गणेश नगर (मूल निवासी गांव कछलिया, थाना पाली, जिला हरदोई), दयाराम उर्फ नन्हे निवासी सैदपुर कुर्मियान, फरहद खां उर्फ गुड्डू निवासी परतापुर जीवनसहाय, सरफुद्दीन निवासी चकमहमूद, मोहम्मद रजा उर्फ लल्ला गद्दी निवासी कांकरटोला चक महमूद, फुरकान नवी खान निवासी रामनगर कॉलोनी रोड नंबर एक, राशिद अली निवासी परौरा मीरगंज, मोहम्मद आरिफ निवासी फीलखाना पीलीभीत और आतिन जफर निवासी खुल्दाबाद प्रयागराज।
एसएसपी घुले सुशील चंद्रभान ने बताया कि सद्दाम और उसके साथियों के गिरोह पर गैंगस्टर की कार्रवाई की गई है। इन सभी आरोपियों की संपत्ति की जांच कराई जाएगी। आय से अधिक या अवैध संपत्ति मिलने पर प्रशासन की मदद से उसे जब्त किया जाएगा।