बांदा। कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए अबकी सोमवती अमावस्या पर परिवहन निगम अतिरिक्त मेला स्पेशल बसों के संचालन को लेकर असमंजस में है। चित्रकूट डीएम ने कोरोना गाइडलाइन व रात्रि कालीन कर्फ्यू का हवाला देते हुए परिवहन निगम से मेला स्पेशल बसों का संचालन न करने का अनुरोध किया है।
ताकि एक स्थान पर 50 से अधिक लोग एकत्र न हो सकें। उधर, डीएम ने श्रद्धालुओं से धार्मिक स्थल रामघाट, कामदगिरी परिक्रमा व भरतकूप न आकर घरों में ही पूजा पाठ करने को कहा है।
परिवहन निगम ने सोमवती अमावस्या पर यात्रियों को बेहतर सेवाएं मुहैया कराने के लिए एक सैकड़ा स्पेशल बसों के संचालन की व्यवस्था की है, लेकिन चित्रकूट डीएम शुभ्रांत कुमार शुक्ला ने क्षेत्रीय प्रबंधक व एआरएम को पत्र भेजकर कहा कि कोविड-19 संक्रमण को नियंत्रित करने के उद्देश्य से शासन ने धार्मिक स्थलों सहित अन्य सार्वजनिक स्थानों पर 50 से अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक लगा रखी है।
साथ ही मास्क व सोशल डिस्टेंसिंग अनिवार्य है। रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक कोरोना कर्फ्यू लागू है। ऐसे में अमावस्या पर भीड़ को रोकने के लिए हर संभव उपाय किए जा रहे हैं। उधर, डीएम ने श्रद्धालुओं से घरों में ही पूजा पाठ करने को कहा। ऐसे में परिवहन निगम असमंजस में फंस गया है।
इधर, बसों का संचालन न होने से श्रद्धालु खासे परेशान हैं। पैदल ही चित्रकूट जा रहे हैं। एआरएम परमानंद का कहना है कि बसों के संचालन को लेकर चित्रकूट डीएम से वार्ता की जा रही है। जल्द इस पर कोई निर्णय होगा। बसें पूरी तरह तैयार हैं। आदेश मिलते ही संचालन शुरू कर दिया जाएगा।