बिछिया (बहराइच)। कतर्नियाघाट वन्य प्रभाग में मीटिंग से लौट रहे वन विभाग व डब्लूडब्लूएफ के अधिकारियों के सामने अचानक बाघ आ गया। बाघ के सामने आ जाने पर अधिकारियों ने गाड़ी को पीछे किया। लगभग 20 मिनट बाद बाघ जंगल की ओर चला गया तब जाकर अधिकारी गंतव्य को जा सके। वहीं, टस्कर हाथी के अचानक सड़क पर आ जाने के कारण अधिकारी मीटिंग में नहीं पहुंच सके।
कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग के जंगलों में बाघों के कुनबे में बढ़ोतरी हो रही है इसका सहज अंदाजा सड़क पर नजर आने वाले बाघों को देखकर लगाया जा सकता है। बृहस्पतिवार शाम विभागीय बैठक के बाद कतर्नियाघाट रेंज कार्यालय लौट रही वन विभाग व डब्ल्यूडब्ल्यूएफ की टीम की गाड़ी के सामने जंगल से निकलकर सड़क पर एक बाघ आ गया। गाड़ी के सामने ही काफी देर तक बाघ चहलकदमी करता रहा। डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के वरिष्ठ परियोजना अधिकारी दबीर हसन ने बताया कि उनकी गाड़ी के सामने करीब 20 मिनट तक बाघ डटा रहा।
उनके साथ रेंजर कतर्नियाघाट रामकुमार, फील्ड सहायक मंसूर समेत कई वनकर्मी मौजूद रहे। वहीं, दूसरी ओर टाइगर रिजर्व दुधवा जा रहे डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के वरिष्ठ परियोजना अधिकारी दबीर हसन कतर्नियाघाट में मीटिंग के बाद दुधवा टाइगर रिजर्व जा रहे थे तभी बिछिया गिरिजापुरी के बीच सड़क पर एक जंगली टस्कर हाथी खड़ा हो गया जो काफी देर तक डटा रहा। काफी प्रयास से भी वह सड़क से नहीं हटा और गाड़ी की ओर दौड़ने लगा जिस पर मजबूरन उन्हें वापस कतर्नियाघाट लौटना पड़ा।