पशुपालकों ने की पशुओं का टीकाकरण कराने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
अमीनगर सराय। कस्बा अमीनगर सराय, गौसपुर, हिसावदा, सिंघवाली अहीर में पशुओं में खुरपका- मुंहपका बीमारी फैल रही है। इससे पशुपालक परेशान है। चिकित्सक व टीकाकरण के अभाव में पशुपालकों को प्राइवेट चिकित्सकों से पशुओं का उपचार कराने के लिए विवश होना पड़ रहा है। पशुपालकों ने पशु पालन विभाग से चिकित्सक की व्यवस्था व टीकाकरण कराने की मांग की है।
हिसावदा के गौरव मलिक का कहना है कि पशुओं में खुरपका-मुंहपका बीमारी फैल रही है। चिकित्सकों के अभाव में पशु पालकों को महंगी दवाइयां खरीदने के लिए विवश होना पड़ रहा है। सिंघावली अहीर के सतबीर का कहना है कि पशु पालन विभाग की ओर से पशुओं का टीकाकरण नहीं किया जा रहा है। सिंघवाली अहीर के सतपाल का कहना है कि चिकित्सक के अभाव में पशुओं का उपचार निजी चिकित्सक से कराया पड़ रहा है। बीमारी के कारण गांव में कई पशुओं की मृत्यु हो चुकी है। बिलोचपुरा के अनिल स्वामी का कहना है कि गांव में बीमारी तेजी से फैल रही है। उन्होंने पशुपालन विभाग से गांव में टीम भेजकर पशुओं की जांच कराने की मांग की है।
उधर, ब्लॉक पशु चिकित्सक विकल कुमार का कहना है कि विभाग की ओर से गलघोंटू के टीके लगाए जा रहे हैं। जिले में 15 सितंबर से मुंहपका-खुरपका का टीकाकरण शुरू किया जाएगा।
पशु चिकित्सालय में नहीं चिकित्सक की तैनाती
पशु पालकों का कहना है कि नगर के पशु चिकित्सालय में चिकित्सक की तैनाती नहीं है। लोगों ने पशु चिकित्सालय में चिकित्सक की तैनाती कराने की मांग की है।
गांवों में चिकित्सकों की टीम भेजकर जांच कराई जाएगी। कस्बा सराय के अलावा कई अस्पताल में चिकित्सकों का अभाव है, इस बारे में शासन को अवगत कराया दिया गया हैं। - रमेश चंद्र, पशु चिकित्साधिकारी।
गढ़ी कलंजरी और चमरावल में खुरपका-मुंहपका से पशुओं की मौत
चांदीनगर। गढ़ी कलंजरी गांव के धीरज की एक भैंस की बीमारी से मौत हो गई। गांव के ही विजयपाल की एक गाय की सोमवार मौत हो गई थी। गढ़ी कलंजरी की प्रधान ललिता के पति वीरेंद्र कुमार यादव ने बताया कि गांव में करीब 12 पशु बीमारी से पीड़ित है। उधर, चमरावल गांव में भी खुरपका-मुंहपका बीमारी से कई पशु बीमार है और कई पशुओं की बीमारी से मौत हो चुकी है। गांव के ईश्वर व राजेश्वर त्यागी के एक-एक पशु की मौत हो चुकी है। चमरावल के ग्राम प्रधान केशव त्यागी का कहना है कि गांव में गांव में खुरपका-मुंहपका बीमारी पैर पसार रही है। ग्रामीणों ने पशुपालन विभाग से गांव में कैंप लगाकर पशुओं की जांच कराने की मांग की है।