सोनीपत के आदर्श नगर की रहने वाली महिला रूबी ने 22 फरवरी को थाना सिविल लाइन में मुकदमा दर्ज कराया था कि 21 फरवरी को उसके बेटे वंश (10) और यश (7) लापता हो गए। वह दोनों बेटों को मशद मोहल्ला स्थित स्कूल में छोड़कर फैक्टरी में चली गई थी और उसके बाद बच्चे घर नहीं आए। उसने शक जताया था कि उनके बच्चों का किसी ने अपहरण कर लिया है।
एएसपी नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि सोनीपत पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज करके छानबीन शुरू कर दी। जिसको स्कूल के पास लगे सीसीटीवी कैमरे से पता चला कि एक युवक छुट्टी के बाद ही दोनों बच्चों को स्कूल के बाहर से बाइक पर बैठाकर ले गया है। पुलिस को उस युवक के बारे में छानबीन करने पर पता चला कि वह मूलरूप से बागपत के बरनावा का रहने वाला नितिन है और पिछले काफी साल से सोनीपत के कबीरपुर में रहता है।
पुलिस ने उसे पकड़ कर पूछताछ की तो उसने बताया कि रूबी का पति से तलाक हो चुका है और उससे उसके प्रेम संबंध हैं। वह उसके घर जाता था तो उसके वहां जाने में बच्चे बाधक बनते थे। इस कारण ही उसने बच्चों को स्कूल से बाहर से बाइक पर बैठाकर बागपत में गला घोंटकर हत्या कर दी। सोनीपत पुलिस उसे शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे साथ लेकर बागपत में पहुंची और कोतवाली पुलिस के साथ आरोपी की निशानदेही पर नौरोजपुर गांव में गई। जहां अतले के ईंख के खेत में दोनों बच्चों के शव एक पेड़ के किनारे बैठाए हुए थे। उनमें एक की तार तो दूसरे की रस्सी से गला घोंटकर हत्या की गई थी। पुलिस ने शव को बरामद कर लिया। एएसपी ने बताया कि बच्चों के अपहरण का मुकदमा सोनीपत में दर्ज है और वहां की पुलिस ही मामले की जांच कर रही है।
पति से तलाक होने पर अदालत के आदेश पर मां के पास थे बच्चे
सोनीपत के आदर्श नगर के जिन दो बच्चों वंश और यश की हत्या की गई। उनको अदालत ने चार साल पहले मां रूबी के पास रहने का आदेश दिया था। क्योंकि उस समय दोनों छोटे थे और रूबी का पति राहुल से तलाक होने के बाद उनको किसी एक के पास रहना था।
मूलरूप से मुजफ्फरनगर के बुढ़ाना के कुरावा गांव के रहने वाले राहुल ने बताया कि उसका परिवार करीब बीस साल पहले सोनीपत के आदर्श नगर में जाकर रहने लगा था। राहुल की 12 साल पहले रूबी के साथ शादी हुई थी। राहुल व रूबी के शादी के बाद दो बच्चे वंश व यश हुए। मगर बच्चों की जिंदगी तब बिगड़नी शुरू हो गई, जब राहुल व रूबी में सात साल पहले मनमुटाव हो गया।
पुलिस से मिली हत्या की जानकारी, शव पिता को सौंपे
राहुल ने बताया कि उसको बच्चों के लापता होने का पता चला था और वह भी कई जगह उनको तलाशने गया था। मगर उनका नहीं पता चल सका था। उसको शुक्रवार सुबह पुलिस ने बताया कि दोनों बच्चों के शव बागपत में मिले हैं तो वह अन्य परिजनों के साथ यहां पहुंचा। बागपत कोतवाली में पोस्टमार्टम की कागजी कार्रवाई की गई और बच्चों का पोस्टमार्टम कराने के बाद बच्चों के शव उनकी मां की जगह पिता राहुल को सौंपे गए। राहुल ने कहा कि उसके बच्चों की हत्या करने वाले को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए।
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