जस्टिस अशोक भूषण के हाशिमपुर रोड स्थित पैतृक घर बमबाजी के मामले में फरार चल रहे दो और आरोपियों को पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया। काफी समय से इनकी खोजबीन की जा रही। अन्य आरोपी पहले ही गिरफ्तार किए जा चुके हैं। सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जज जस्टिस अशोक भूषण के पैतृक निवास पर 23 अगस्त को अज्ञात बदमाशों ने बम फेंक दिया था।
जस्टिस अशोक भूषण उस समय घर पर मौजूद नहीं थे। रिटायर्ड जज के मकान पर बम फेंकने की घटना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। पुलिस ने घटना के दो दिन बाद चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। दो आरोपी फरार चल रहे थे जिन्हें रविवार को गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपियों का कहना है कि जस्टिस अशोक भूषण के घर बम उन्होंने नहीं फेंका था। उनके निशाने पर जस्टिस के घर के बगल चाय की दुकान थी। चायवाले से उन लोगों का मुकदमा चल रहा है। इस मामले में दबाव बनाने और मुकदमा वापस लेने के लिए बमबाजी की गई थी। हालांकि पुलिस आरोपियों के बयान से सहमत नहीं है। जस्टिस के घर बमबाजी के मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तर कर लिया। रविवार को पकड़े गए आरोपियों की पहचान तुषार और वंश के रूप में की गई।