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Allahabad High Court :  उर्दू स्कॉलर को पासपोर्ट सरेंडर करने की शर्त, जमानत आदेश से हटाई

Sun, 05 Jun 2022 02:20 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

कैप्टन अनिला भाटिया मामले में सुप्रीम कोर्ट ने पासपोर्ट को जमानत की शर्त के तौर पर जब्त करने के संबंध में महत्वपूर्ण टिप्पणी की थी। न्यायालय ने कहा आपराधिक अदालतों को ऐसी शर्त लगाने में अत्यधिक सावधानी बरतनी होगी। कानून किसी आरोपी को तब तक निर्दोष मानता है जब तक कि उसे दोषी घोषित नहीं कर दिया जाता।
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allahabad high court - फोटो : social media
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विस्तार
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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उर्दू स्कॉलर मिर्जा शफीक हुसैन शफाक पर एसएसपी, एसपी के समक्ष एक वैवाहिक विवाद के संबंध में पासपोर्ट जमा करवाने की अंतरिम जमानत में दी गई शर्त हटाने का आदेश दिया है। जस्टिस सिद्धार्थ ने जमानत में इस प्रकार की शर्त को कठिन बताते हुए कहा कि ऐसी शर्त विदेश यात्रा करने के मौलिक अधिकार का हनन है। हाईकोर्ट ने इस प्रकार के मामले में कैप्टन अनिला भाटिया बनाम हरियाणा राज्य केस में पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए आदेश दिया कि पासपोर्ट के सरेंडर करने की शर्त हटा दी जाए।

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कैप्टन अनिला भाटिया मामले में सुप्रीम कोर्ट ने पासपोर्ट को जमानत की शर्त के तौर पर जब्त करने के संबंध में महत्वपूर्ण टिप्पणी की थी। न्यायालय ने कहा आपराधिक अदालतों को ऐसी शर्त लगाने में अत्यधिक सावधानी बरतनी होगी। कानून किसी आरोपी को तब तक निर्दोष मानता है जब तक कि उसे दोषी घोषित नहीं कर दिया जाता।


एक  निर्दोष व्यक्ति के रूप में वह संविधान के तहत मिले सभी मौलिक अधिकारों का हकदार है। हाईकोर्ट ने आवेदक मिर्जा शफीक हुसैन शफाक के वकील के तर्कों पर ध्यान दिया और रिकॉर्ड में रखी गई सामग्री को देखते हुए आवेदक के पासपोर्ट जमा करने की जमानत में दी गई शर्त हटा दी। 

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allahabad high court - फोटो : social media
यह था मामला
याची ने अपने आवेदन में हाईकोर्ट के जनवरी 2021 के आदेश में ज़मानत के लिए दी गई पासपोर्ट सरेंडर करने की शर्त में संशोधन की प्रार्थना की थी। उन्होंने कहा था कि वह एक सरकारी कॉलेज में लेक्चरर हैं और राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के सेमिनारों में भाग लेने वाले एक प्रसिद्ध उर्दू विद्वान लेखक और वक्ता भी हैं।


वह कई पुस्तकों के लेखक और अनुवादक भी हैं और उन्हें कुवैत में एक पुस्तक के विमोचन का निमंत्रण मिला है, जिसके लिए उन्हें विदेश यात्रा करनी पड़ रही है। इसलिए उन्होंने पासपोर्ट जमा करने में छूट दिए जाने की मांग की थी। एक वैवाहिक विवाद के संबंध में उन्हें अंतरिम जमानत देते हुए हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में जमा किए गए पासपोर्ट को फिर उन्हें सौंपने के लिए संबंधित प्राधिकरण को निर्देश दिए जाने की मांग की थी।
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