डॉ आस्था हत्याकांड का खुलासा होने के बाद बहन आकांक्षा अग्रवाल ने आस्था के मकान पर अपना ताला लगा दिया है। हत्याकांड में एक आरोपी अभी भी फरार है, जिसकी पुलिस तलाश कर रही है। पति सहित अन्य गिरफ्तार किए गए आरोपियों को पुलिस ने जेल भेज दिया है।
थाना क्वार्सी के इंस्पेक्टर विजय सिंह ने बताया कि आस्था अग्रवाल के दोनों बच्चे फिलहाल अपनी मौसी के पास रहेंगे। 15 दिन हो जाने के बाद उनको बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। बच्चों के संबंध में आगे का फैसला समिति के माध्यम से लिया जाएगा।
डॉ. आस्था अग्रवाल हत्याकांड का पुलिस ने सोमवार को खुलासा कर दिया था। इस मामले में पति ने सुपारी देकर अपनी पत्नी की हत्या कराई थी। बाद में हत्या को आत्महत्या की शक्ल देने के लिए शव को फंदे पर लटका दिया था। लेकिन परिस्थिति जन्य साक्ष्य और पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आदि से स्पष्ट हो गया कि डॉक्टर आस्था अग्रवाल ने आत्महत्या नहीं की है बल्कि उनकी हत्या की गई है। इसी दिशा में आगे बढ़ते हुए पुलिस ने सबूत इकट्ठा किए और मामले का खुलासा कर दिया।
पुलिस ने हत्या के मुख्य आरोपी आस्था के पति अरुण अग्रवाल सहित सुपारी लेकर हत्या करने वाले अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इस हत्याकांड में एक आरोपी अभी फरार चल रहा है, जिसकी पुलिस तलाश कर रही है।
वहीं, अरुण अग्रवाल के जेल चले जाने और बच्चों के अपनी मौसी के पास जाने से मकान सूना हो गया है। इसके चलते आकांक्षा ने अपना ताला लगा दिया है। आकांक्षा ने कहा है कि पुलिस को जब भी मकान के अंदर प्रवेश की आवश्यकता होगी तो वह पुलिस को चाबियां उपलब्ध कराएंगी।