एटा के कोतवाली नगर क्षेत्र स्थित नन्नूमल चौराहा के पास बाइक सवार की बेल्ट से पिटाई करने वाला फर्जी दरोगा निकला। पुलिस ने सोमवार को उसे अलीगढ़ से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी नाबालिग है। वह वाहनों की चेकिंग करने के नाम पर लूट और अवैध वसूली करता था। उसने एक दरोगा की सलाह पर पुलिस की वर्दी सिलवाई थी।
पुलिस उप महानिरीक्षक अलीगढ़ दीपक कुमार ने बताया कि पुलिस की वर्दी पहनकर एक बाइक सवार की पिटाई करने वाला आरोपी नाबालिग है। उसने पूछताछ में बताया कि करीब 15 दिन पहले उसने मोहल्ला रसलगंज अलीगढ़ में एक टेलर से वर्दी सिलवाई थी। इसके बाद फर्जी दरोगा बनकर अवैध वसूली का कार्य करने लगा।
पुलिस की पूछताछ में यह भी सामने आया कि पुलिस विभाग और सरकार को बदनाम करने के लिए फर्जी दरोगा बनकर कृत्य किए जा रहे थे। यह भी पता लगाया जा रहा है कि किसके कहने पर ऐसा किया जा रहा था। पुलिस गहराई में जाकर संलिप्त लोगों को भी सामने लेकर आएगी।
दरोगा ने दी थी सलाह
एटा के एसएसपी उदय शंकर सिंह ने बताया कि आरोपी नाबालिग है, जो मूल रूप से बलीपुर थाना कंपिल जिला फर्रुखाबाद का निवासी है। डीएसए इंटर कॉलेज अलीगढ़ में 12वीं का छात्र है। अलीगढ़ में डायल 112 पर तैनात उप निरीक्षक बृजेश कुमार यादव और उसके मामा सुंदर यादव व सुमन यादव ने उसे ऐसा करने की सलाह दी थी।
जिसके बाद उसने वर्दी सिलवाई। हेमंत नाम के युवक को मुख्य आरक्षी की वर्दी सिलवाकर दी। ये दोनों मिलकर बाइक से अवैध वसूली करने लगे। पूछताछ में आरोपी ने थाना जलेसर क्षेत्र स्थित अवागढ़ बाईपास पर जसवीर सिंह निवासी मोहल्ला हथोड़ा से दरोगा बनकर 12 हजार रुपये लूटने की वारदात कबूल की है। लूट के दो हजार रुपये, बाइक, वर्दी, बैच, स्टार और जूते बरामद किए गए हैं।
बीच शहर में चेकिंग करके पुलिस को दे गया चुनौती
सवाल तो बहुत से उठ रहे हैं, लेकिन सबसे बड़ा सवाल बीच शहर में चेकिंग करके पुलिस को चुनौती देने का है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद भी एटा से निकलकर अलीगढ़ पहुंच गया। पुलिस फर्जी दरोगा होने का राग अलापती रही और वह जिले से बाहर निकल गया।
चेकिंग के दौरान दो होमगार्ड की भूमिका भी संदिग्ध
शहर के नन्नूमल चौराहा पर फर्जी दरोगा चेकिंग कर रहा है और उसका साथ दो होमगार्ड दे रहे हैं। होमगार्ड लालच में ऐसा कर रहे हैं या अंजाने में। यह तो जांच का विषय है लेकिन भूमिका संदिग्ध जरूर प्रतीत हो रही है।