आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में चल रहा छात्र संगठनों का धरना-प्रदर्शन शनिवार को समाप्त हो गया। प्रभारी कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय ने एबीवीपी, एनएसयूआई और समाजवादी छात्रसभा के प्रतिनिधियों से बारी-बारी बात की। आश्वस्त किया कि जो छात्र रह गए हैं, उनके लिए वेब रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया खोल दी जाएगी। छात्रों की बाकी समस्याओं के लिए उच्च स्तरीय समिति बना दी गई है। यह छात्रों से संवाद कर 15 दिन में रिपोर्ट देगी।
छात्रों के परिणाम में मार्क्स वेटिंग (एमडब्ल्यू) लिखा होना, प्रायोगिक परीक्षा में छात्रों के फेल होने, परीक्षाएं लंबित होने, समय से परिणाम न जारी होने के विरोध में तीनों छात्र संगठन सात अक्तूबर से धरना-प्रदर्शन कर रहे थे। शनिवार को एसीएम राजेश जायसवाल, विश्वविद्यालय के चीफ प्रॉक्टर प्रो. मनोज श्रीवास्तव, डीन स्टूडेंट वेलफेयर प्रो. ब्रजेश रावत और इंस्पेक्टर हरीपर्वत अरविंद कुमार ने छात्र संगठनों से बात की। सभी प्रभारी कुलपति को मौके पर बुलाने की जिद पर अड़े थे। बाद में संगठनों के प्रतिनिधि प्रभारी कुलपति से मिलने के लिए तैयार हो गए। छात्र संगठनों को उन्होंने एमडब्ल्यू व परीक्षा में अनुत्तीर्ण छात्रों का आंकड़ा बताया। कहा कि एमडब्ल्यू को ठीक कराया जा रहा है।
प्रभारी कुलपति ने कहा कि उच्च स्तरीय समिति विश्वविद्यालय के तीन वर्ष के परिणाम का रिकॉर्ड देखेगी। यह पता लग सकेगा कि इस वर्ष अपेक्षाकृत छात्र अधिक या कम फेल हुए हैं। उसके अनुरूप परीक्षा समिति, विद्या परिषद और कार्य परिषद में रखकर कोई निर्णय लिया जाएगा। परीक्षा नियंत्रक अजय कृष्ण यादव ने लंबित परीक्षाओं व परिणामों का जल्द से जल्द निस्तारित कराने का आश्वासन दिया। वार्ता के दौरान कुलसचिव संजीव कुमार सिंह भी मौजूद रहे।
एबीवीपी की ओर से विरोध प्रदर्शन के दौरान एक कुत्ते को कुर्सी पर बैठाकर उसके गले में तख्ती डाल दी, जिस पर कुलपति लिखा हुआ था। इसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर भी वायरल हुई। संगठन के विश्वविद्यालय इकाई के मंत्री कान्हा मुद्गल ने कुत्ते को कुर्सी पर बैठाया। इस संबंध में कान्हा का कहना है कि तीन दिन से कुलपति धरना-प्रदर्शन में छात्रों से मिलने नहीं आ रहे थे, इसलिए नाराजगी में यह कदम उठाया। संगठन के कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया।
एबीवीपी की विश्वविद्यालय की इकाई अध्यक्ष प्रियंका तिवारी का कहना है कि 15 दिन में छात्रों की समस्याओं का समाधान न होने पर 16वें दिन उग्र आंदोलन किया जाएगा। धरना-प्रदर्शन में नितिन माहेश्वरी, चंद्रजीत यादव, तान्या, रमन शर्मा, आस्था शर्मा, पुनीत कुमार, सुब्रत, सुमित आदि मौजूद रहे। एनएसयूआई के प्रदर्शन में जिलाध्यक्ष सतीश सिकरवार, गौरव शर्मा, अंकुश गौतम, कुलदीप, नितिन प्रताप दीक्षित, आशीष कुमार प्रिंस, मान्या शर्मा, रुचि वर्मा आदि शामिल रहे। समाजवादी छात्र सभा के धरने में महानगर अध्यक्ष अमित प्रताप सिंह, कैप्टन बघेल, मुरली यादव, अनुराग आर्य, रितिक प्रजापति, पीके यादव, जयंत, शुभम आदि रहे।