वायरल हुआ था वीडियो
पूनम पाल का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। वह राजकीय बालगृह में आवासित बच्ची की चप्पल से पिटाई कर रही थीं। यह 4 सितंबर का था। दूसरा वीडियो एक बच्चे के हाथ-पैर बंधे होने का था। वह फर्श पर जमीन पर लेटा हुआ था। मामले में बालगृह की आयाओं ने डीएम कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी। डीएम भानु चंद्र गोस्वामी ने जिला प्रोबेशन अधिकारी (डीपीओ) अजयपाल सिंह और सिटी मजिस्ट्रेट आनंद कुमार को जांच के आदेश किए थे। अधिकारियों की रिपोर्ट के बाद अधीक्षिका पूनम पाल को निलंबित किया गया था।
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मुकदमे में एक ही वीडियो का जिक्र
राजकीय बालगृह में 10 वर्ष तक की आयु के 28 बच्चे रह रहे हैं। इनकी देखभाल के लिए कर्मचारी तैनात हैं। थाना शाहगंज में दर्ज मुकदमे में पूनम पाल के अलावा संस्था में तैनात कार्मिक, आया, पूर्व प्रभारी संस्था के अधीक्षकों के खिलाफ जांच करने की बात कही गई है। अन्य तैनात कर्मियों को भी आरोपी बनाया गया है। पुलिस कर्मचारियों से भी पूछताछ कर सकती है। उनकी भी गिरफ्तारी हो सकती है। मुकदमे में एक ही वीडियो की बात कही गई है, जबकि दो और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए थे।
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