सोनभद्र में जमीन के विवाद में 10 लोगों की हत्या हो जाने की घटना के बाद भी आगरा पुलिस ऐसे मामलों पर गंभीर नहीं हुई है। यह लापरवाही तब सामने आई जब आईजी रेंज ए सतीश गणेश ने जमीन के विवाद के चार मामलों की फोन पर पड़ताल की। उन्होंने पीड़ित लोगों से फीडबैक लिया। सिर्फ एक ही पुलिस कार्रवाई से संतुष्ट मिला।
आईजी ने सख्त निर्देश दिए हैं कि जमीन के मामले गंभीरता से लिए जाएं। पुलिस की यह ढिलाई तब मिली है जबकि सोनभद्र की घटना के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और डीजीपी ओपी सिंह ने वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से सभी जिलों की पुलिस को अलर्ट किया था।
आईजी ने जिन मामलों की पड़ताल की, उनमें मथुरा के स्थित नौगांव छाता निवासी सत्यवीर ने शिकायत की कि सरकार से मिले आवासीय प्लाट पर मकान बनाने पर गांव के कुछ लोग धमका रहे हैं। मकान शमशान घाट पर बनाने का दबाव बना रहे हैं। सत्यवीर ने लगातार धमकी मिलने की बात कही। इस पर आईजी ने छाता सीओ को कार्रवाई के निर्देश दिए।