गंगा का जलस्तर बढ़ने के बाद कासगंज में रखी जा रही लगातार नजर
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हरिद्वार और बिजनौर से गंगा में लगातार छोड़े जा रहे पानी के कारण कासगंज जिले की गंगा की धारा भी अब उफनने लगी है। मीडियम फ्लड लेबल का पानी गंगा में आ गया है। जिससे तटवर्ती इलाकों के लिए खतरा बढ़ गया है। पिछले 24 घंटों में कछला के जलस्तर में 1.60 मीटर की वृद्धि हुई है। रविवार को कछला ब्रिज पर गंगा 161.95 के निशान पर बह रही थी। वहीं सोमवार की सुबह कछला ब्रिज पर जलस्तर 163.55 पर था। अभी और पानी बढ़ने की आशंका बनी हुई है।
कछला गंगाघाट पर किनारे पर बनी झोपड़ियों तक गंगा के पानी की दस्तक पहुंच गई है। वहीं गंगा के तटवर्ती इलाकों की ओर पानी बढ़ रहा है। सिंचाई विभाग ने गंगा के उफान को देखते हुए अलर्ट जारी कर दिया है। जिलाधिकारी सीपी सिंह के निर्देश पर प्रशासनिक और सिंचाई विभाग के अफसर तटवर्ती इलाकों पर नजर बनाए हैं। जिलाधिकारी लगातार हालातों का अपडेट ले रहे हैं।
खनन पट्टाधारक ने बनाया बंधा, सिंचाई विभाग ने काटा
डेलासराय की ओर गंगा की धारा के बीच में खनन के एक पट्टाधारक के द्वारा बंधा लगाकर खनन का कार्य किया जा रहा था। जिससे गंगा की धारा में अवरोध पैदा हो रहा था। इस अवरोध के कारण आबादी की ओर पानी का बहाव बनने के आसार पैदा हो गए। सिंचाई विभाग टीम ने मौके पर पहुंचकर बनाए बंधे को काट दिया। जिससे पानी आगे की ओर निकल पाया।
जिलाधिकारी सीपी सिंह का कहना है कि गंगा में मीडियम फ्लड स्तर का पानी आ रहा है। किसी भी तटवर्ती गांव में अभी तक पानी नहीं घुसा है। गंगा के सभी बांधों की निगरानी की जा रही है। ग्रामीण आबादी को अलर्ट किया गया है।
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