प्रधानी से शुरू किया था राजनीति का सफर
ठाकुर सूरजपाल ने अपने राजनीतिक कैरियर की शुरुआत गांव अकबरा के प्रधान के रूप में की थी। वह वर्ष 1995 में प्रधान चुने गए थे। इसके बाद 2005 तक लगातार प्रधान रहे। फतेहपुरसीकरी से लोकसभा का चुनाव लड़ने पहुंचे कांग्रेस नेता राजबब्बर से संपर्क में आने के बाद वह 2019 में कांग्रेस में शामिल हो गए थे।
लंबू-छोटू की जोड़ी से जाने जाते थे: डॉ. धर्मपाल
पूर्व विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह ने कहा कि सूरजपाल से मित्रता तब से थी, जब वह प्रधान हुआ करते थे। विधायक बने तो लखनऊ एक ही गाड़ी से जाते थे। सचिवालय में किसी काम के लिए भी साथ ही जाते थे। लखनऊ में हम दोनों की जोड़ी को लंबू छोटू की जोड़ी के रूप में जाना जाता था। उनके निधन से लगा कि परिवार का व्यक्ति चला गया। उनकी कमी हमेशा खलेगी। राजनीति में भी उनके जैसी ईमानदारी कम मिलती है।
भाजपाइयों ने जताया शोक
भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक राणा, केके भारद्वाज, शरद चौहान, पूर्व विधायक कालीचरन सुमन, गिरीश भारद्वाज ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है।