रुद्राक्ष को भगवान शिव का प्रतीक माना जाता है। धार्मिक मान्यातोओं के अनुसार, रुद्राक्ष धरण करने वाले व्यक्ति पर भगवान शिव की विशेष कृपा होती है। कहते हैं रुद्राक्ष की उत्पत्ति भगवान शिव के अश्रुओं से मानी गई है। इसे धारण करने से व्यक्ति को सिर्फ धार्मिक ही नहीं बल्कि शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभ मिलते हैं। रुद्राक्ष कई तरह के होते हैं, एक मुखी से लेकर इक्कीस मुखी तक रुद्राक्ष पाए जाते हैं। मान्यता है कि इसे धारण करने से संकटों का नाश होता है व जातक को ग्रहों की अशुभता से भी मुक्ति मिलती है। मगर रुद्राक्ष धारण करने के कुछ नियम भी हैं जिनका पालन करना बहुत जरूरी होता है। इसलिए आइए इस लेख में जानते हैं कि रुद्राक्ष धारण करने के बाद किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।