धर्मशाला से शिमला के लिए बन रहे फोरलेन से विस्थापित और प्रभावित होने वाले लोगों को एनएचएआई चार गुणा मुआवजा देने को तैयार है। इसके लिए प्रदेश सरकार की मंजूरी जरूरी है। हालांकि, चुनाव घोषणा पत्र में भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों ने फैक्टर चार को लागू करने की बात कहीं थी, लेकिन चुनाव के बाद इस पर अभी तक फैसला नहीं लिया है।
इस कारण धर्मशाला से शिमला तक बनने वाले फोरलेन में विस्थापन का दंश झेलने वाले लोगों को केंद्र की ओर से दिए जा रहे चार गुणा मुआवजे का लाभ नहीं मिलेगा। धर्मशाला से शिमला तक बनने वाले फोरलेन में 5000 करोड़ से अधिक खर्च होंगे। निर्माण के लिए पूरे कार्य को पांच जोन में बांटा गया है। सबसे पहले धर्मशाला से ज्वालामुखी तक कार्य का टेंडर होगा।