विधानसभा चुनावों में शिमला शहरी सीट से बतौर आजाद प्रत्याशी ताल ठोकने वाले कांग्रेस के बागी हरीश जनारथा के पक्ष में काम करना शहरी कांग्रेस के तीन पदाधिकारियों को महंगा पड़ा है।
पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी से तीन पदाधिकारियों को निष्कासित कर दिया गया है। जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी के अध्यक्ष प्रदीप सिंह भुज्जा ने बताया कि तीन पदाधिकारियों को छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित किया गया है।
जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी के सचिव अतुल गौतम, सचिव हरजीत सिंह मंगा और महासचिव मलकीयत सिंह कांग्रेस के बागी हरीश जनारथा के पक्ष में प्रचार कर रहे थे।
पार्टी की ओर से पदाधिकारियों को पहले चेतावनी दी गई थी, बावजूद इसके शहरी कांग्रेस के इन पदाधिकारियों ने जनारथा के पक्ष में काम जारी रखा जिसके बाद इन्हें पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त रहने के नाम पर निष्कासित कर दिया गया।
उनकी प्राथमिक सदस्यता को 6 सालों के लिए रद्द कर दिया गया है। प्रदीप भुज्जा ने बताया कि पार्टी विरोधी गतिविधियों में जो भी पदाधिकारी संलिप्त पाया जाएगा, उसे तुरंत प्रभाव से निष्कासित करने के निर्देश पार्टी हाईकमान से मिले हैं। इसके तहत तुरंत कार्रवाई की जा रही है।
विधानसभा चुनावों के मद्देनजर आने वाले दिनों में भी यदि किसी कार्यकर्ता या पदाधिकारी को पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने की सूचना मिलती है तो उसे तुरंत प्रभाव से निष्कासित कर दिया जाएगा।