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शिमला: एबीवीपी, एसएफआई में फिर से खूनी झड़प, एचपीयू में बाहरी लोगों के प्रवेश पर प्रतिबंध

Tue, 17 Aug 2021 06:42 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला नेटवर्क, शिमला

सार

विधि विभाग के बाहर प्रवेश परीक्षा देने आए विद्यार्थियों के स्वागत के लिए दोनों संगठनों के कार्यकर्ता खड़े थे। इसी बीच छात्रा कार्यकर्ता पर टिप्पणी से माहौल गरमा गया और मारपीट शुरू हो गई। 
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एचपीयू में प्रदर्शन करते एबीवीपीकार्यकर्ता। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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एचपीयू शिमला में लगातार दूसरे दिन छात्र संगठनों में झड़प जारी रही। मंगलवार को छात्रा कार्यकर्ताओं पर टिप्पणी करने पर एबीवीपी और एसएफआई कार्यकर्ता भिड़ गए। विधि विभाग के बाहर दोनों संगठनों के कार्यकर्ताओं में मारपीट हुई। एक-दूसरे को दौड़ा दौड़ाकर पीटा गया। कई कार्यकर्ता इस मारपीट में जख्मी हुए हैं। लगातार बढ़ रही हिंसक घटनाओं के बीच विवि प्रशासन ने कैंपस में बाहरी लोगों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया है। 

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विधि विभाग के बाहर प्रवेश परीक्षा देने आए विद्यार्थियों के स्वागत के लिए दोनों संगठनों के कार्यकर्ता खड़े थे। इसी बीच छात्रा कार्यकर्ता पर टिप्पणी से माहौल गरमा गया और मारपीट शुरू हो गई। इससे प्रवेश परीक्षा देने आए विद्यार्थियों में अफरातफरी मच गई। दोनों संगठनों के कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे पर लात और मुक्के पर बरसाने शुरू कर दिए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर माहौल को शांत किया। इसके बाद छात्र संगठनों के कार्यकर्ता वीसी कार्यालय के बाहर जमा हो गए और नारेबाजी शुरू कर दी। दोपहर तीन बजे तक नारेबाजी चलती रही। 

छात्रा पर टिप्पणी कर एबीपीवी ने बिगाड़ा माहौल: विवेक
एसएफआई की विवि इकाई अध्यक्ष विवेक राज ने आरोप लगाया है कि बीते रोज विवि में हुई आरएसएस की बैठक के  विरोध में किए गए प्रदर्शन के बाद एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने विधि विभाग के बाहर एसएफआई की छात्रा कार्यकर्ताओं पर टिप्पणी की। एसएफआई के कार्यकर्ता बीच बचाव करने गए। इस पर एबीवीपी ने हमला बोल दिया। प्रदेश सरकार और विवि के कुलपति का एबीवीपी को संरक्षण है। 
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हिंसा कर माहौल खराब कर रही एसएफआई : विशाल
एबीवीपी के इकाई अध्यक्ष विशाल सकलानी ने आरोप लगाया कि एसएफआई ने उनके संगठन कार्यकर्ताओं पर टिप्पणी की और हाथापाई भी की गई। बीच बचाव करने पर एसएफआई ने हिंसा शुरू कर दी। एसएफआई कार्यकर्ताओं के पास हथियार भी थे। हिंसा का माहौल बनाकर एसएफआई विवि का माहौल खराब कर रही है। उन्होंने मांग की कि विवि पसिर में पुलिस की सख्त पहरा लगाया जाए। 

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