केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने शनिवार को जयपुर में हवामहल विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी महंत बालमुकुंदाचार्य के समर्थन में जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने प्रदेश की कानून व्यवस्था, तुष्टिकरण, महिला अत्याचार, पेपर लीक और भ्रष्टाचार को लेकर गहलोत सरकार पर हमला बोला।
अनुराग ठाकुर ने कहा- राजस्थान में महिलाएं घर, बाजार, अस्पताल, खेत और सड़क कहीं पर भी सुरक्षित नहीं है। न्याय के लिए पुलिस थानों में पहुंचने पर वहां भी रिश्वत के रूप में महिलाओं की अस्मत मांगी जा रही है। कांग्रेस गारंटियों के नाम पर जनता को गुमराह करती है, जबकि जयपुर के एसएमएस अस्पताल में शव ढकने के लिए कफन का कपड़ा तक नहीं है। इससे ज्यादा शर्मनाक क्या होगा?
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा- राजस्थान में पिछले पांच सालों में कांग्रेस की सरकार महिला अपराधों पर नकेल कसने में नाकाम साबित हुई है। महिला अपराधों के बारे में सवाल पूछने पर सदन में कांग्रेस के मंत्री राजस्थान को मर्दों का प्रदेश बताकर ठहाके लगाते हैं। प्रदेश के भीलवाड़ा में एक मासूम के साथ गैंगरेप के बाद टुकडे़ कर के भट्टी में डाल दिया जाता है।
नादौती में एक विवाहिता को गैंगरेप के बाद गोली मार दी जाती है और चेहरे पर तेजाब डालकर शव को कुंए में डाल दिया जाता है। जयपुर में चलती बस में महिला के साथ गैंगरेप किया जाता और बेहोशी की हालत में घर के फेंककर आरोपी फरार हो जाते हैं। प्रदेश में बढ़ रही ऐसी घटनाओं के बाद अब कोई छात्रा या महिला घर से निकलने के बाद सुरक्षित महसूस नहीं करती। बहन-बेटियों पर अत्याचार तब ही रुकेगा, जब यहां से कांग्रेस की विदाई होगी। भाजपा राज में हर बहन-बेटी को सुरक्षित वातावरण और सम्मान मिल सकता है, इसकी गारंटी पीएम मोदी ने दी है।
अनुराग ठाकुर ने कहा- राजस्थान में अपनी तिजोरी भरने के लिए कांग्रेस के नेताओं और मंत्रियों ने पेपर लीक माफियाओं को बढ़ावा दिया। जिससे प्रदेश के 70 लाख युवाओं का भविष्य चौपट हो गया। कांग्रेस को युवाओं की चिंता नहीं है, उन्हें सिर्फ एक युवराज की चिंता है।
पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी किसानों से कर्ज माफी का वादा करते हैं। पांच साल राज करने के बाद भी कर्जा माफी तो दूर कर्ज नहीं चुका पाने पर 19 हजार 400 किसानों की जमीन कुर्क कर दी। पिछले दिनों ही काले कारनामों वाली लाल डायरी का पार्ट दो भी जनता के सामने आ गया है, लेकिन फिर भी मुख्यमंत्री कहते हैं कि लाल डायरी में कुछ नहीं है। जबकि, लाल डायरी में कांग्रेस सरकार के काले कारनामें छिपे हुए हैं। कांग्रेस के मंत्री ही इस लाल डायरी को सामने लाए और इसके सामने आते ही गहलोत के खास लाल डायरी को लेकर भागे उससे स्पष्ट है कि इसमें काले कारनामें छिपे हुए हैं जो कि धीरे धीरे बाहर आ रहे हैं।