पठानकोट के द व्हाइट मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में बीती रात ऑक्सीजन सिलिंडर फटने से युवक की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि युवक ऑक्सीजन सिलिंडर फिट कर रहा था तभी अचानक धमाका हो गया। धमाका इतना जबरदस्त था कि युवक के चीथड़े उड़ गए और अस्पताल के साथ लगती इमारतों के कांच तक टूट गए।
गांव बुंगल के लोगों ने बताया कि नितिन आईटीआई में टर्नर की ट्रेनिंग ले रहा था। रात को द् व्हाइट मेडिकल कॉलेज में नौकरी करके वह अपनी और बहन की पढ़ाई के साथ-साथ घर का खर्च चला रहा था। नितिन के पिता भी नहीं हैं। नितिन की मौत से पूरे गांव में मातम पसरा है। मां रीता देवी कई बार रोते-रोते बेहोश हुई। वहीं, परिवार के लोगों ने अस्पताल प्रबंधन पर सवाल उठाते हुए कहा कि 22 साल के नितिन को जोखिम भरी डयूटी सौंप दी गई। जिसका उसे कोई तर्जुबा नहीं था।
जांच कर रही है टीम
सिविल अस्पताल से आई टीम ने जांच की है। प्राथमिक जांच में यह लग रहा है कि सिलिंडर पर हथौड़े का वार हुआ। जिससे पिन अधिक दब गई। जालंधर से भी टीम जांच करने के लिए पहुंची है। हादसे में एक युवक की मौत हुई है। -पवन खजूरिया, सीईओ, द् व्हाइट मेडिकल कॉलेज।
ऑक्सीजन सिलिंडर लगाते समय यह हादसा हुआ। एक्सपर्ट बताएंगे कि हादसे का क्या कारण रहा। फिलहाल मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट सामने आने पर बनती कानूनी कार्रवाई की जाएगी। -शुभम अग्रवाल, एसीपी, पठानकोट