नयागांव। पंजाब की राजधानी से सटे नयागांव के अधीन आते गांव नाडा में अवैध खनन का मामला पूरी तरह से गर्मा गया है। वन विभाग की ओर से इस मामले में पहले ही अपने दो कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया था। वहीं, मंगलवार को इस मामले में तीन लोगों के खिलाफ नयागांव थाने में केस दर्ज हुआ है। इस संबंधी रेंज अफसर की ओर से पुलिस को शिकायत दी गई थी। आरोपियों की पहचान ठाठ सिंह निवासी नाडा, लखविंदर सिंह निवासी नाडा और राजेंद्र सिंह निवासी गोविंद नगर नयागांव के रूप में हुई है। आरोपियों पर आईपीसी 427, 447 और पंजाब लैंड एंड प्रिजर्वेशन एक्ट 1900 की धारा चार और पांच के तहत केस दर्ज किया गया है। आरोपी अभी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। पुलिस की ओर से इस मामले में पड़ताल की जा रही है।
जानकारी के मुताबिक नयागांव स्थित नाडा गांव में कुछ समय अवैध खनन चल रहा था। रविवार को जिला वन अधिकारी को इलाके में अवैध खनन की शिकायत मिली थी। इस पर वन अधिकारी रात को ही मौका देखने के लिए पहुंच गए थे और कार्रवाई करते हुए वन विभाग के गार्ड और ब्लॉक अधिकारी को निलंबित कर दिया था। इसके बाद अब रेंज अफसर राज देवेंद्र सिंह से रिपोर्ट मांगी गई थी। मंगलवार को राजदेवेंद्र सिंह ने मामले की शिकायत पुलिस को दी। अधिकारी की ओर से दी गई शिकायत के मुताबिक आरोपियों ने वन विभाग की ओर से डीलिस्ट किए गए रकबे की आड़ में वन विभाग के दो खसरा नंबर जिनका जिक्र शिकायत में किया गया है, यहां पर गड़बड की थी। बताया है कि इस रकबे को अवैध तरीके से जेसीबी मशीन से समतल किया गया है। शिकायत में रेंज अफसर ने लिखा है कि आरोपियों की ओर से पीएलपीए 1900 की धारा -4 एवं 5, आईएफए 1927 की धारा 32 एवं 33, एफसीए 1980 की धारा 2 एवं 3 बी का उल्लंघन किया गया है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट के 12 दिसंबर 1996 के आदेशों की भी उल्लंघना की गई है
जांच में पता चला, पेड़ों को भी हुआ नुकसान
रेंज अफसर के मुताबिक इस मामले में तकरीबन 3.5 एकड़ पहाड़ी इलाके को जेसीबी मशीन से समतल किया गया है। ऐसा करते हुए जेसीबी मशीन से कुदरती तौर पर उगे हुए कुछ पेड़ों को भी नुकसान पहुंचाया गया है। इससे इलाके को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने इस संबंध में सभी दस्तावेज पुलिस को सौंप हैं। इसके अलावा वीडियोग्राफी तक करवाई गई है।