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कन्नौज हादसा: घटना में छह लोगों की हुई थी मौत, आरटीओ प्रवर्तन कानपुर की टीम ने शुरू की बस की जांच

Mon, 20 Jul 2020 09:48 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
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कन्नौज एक्सप्रेस-वे पर दर्दनाक हादसा - फोटो : अमर उजाला
कन्नौज में बस हादसे के बाद आरटीओ प्रवर्तन कानपुर के नेतृत्व में जांच शुरू हुई है। संभागीय परिवहन की यह टीम दुर्घटनाग्रस्त बस की 10 बिंदुओं पर जांच कर रही है। प्राथमिक जांच में छह बिंदु मानकविहीन निकले हैं। बस बागपत की एक ट्रैवल एजेंसी के नाम से खरीदी गई थी। 2018 में बागपत एआरटीओ कार्यालय में फिटनेस और परमिट तैयार किया गया है।

रविवार सुबह पांच बजे बिहार से दिल्ली से जा रही डबल डेकर (स्लीपर) बस आगरा लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर सौरिख के पास पहले से खड़ी जाइलो कार में टक्कर मारकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में चालक समेत छह सवारियों की मौत और 40 से ज्यादा यात्री घायल हुए थे।
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कन्नौज एक्सप्रेस-वे पर दर्दनाक हादसा - फोटो : अमर उजाला
सोमवार को आरटीओ प्रवर्तन कानपुर राकेश कुमार के नेतृत्व में एआरटीओ कन्नौज संजय कुमार झा, पीटीओ रामबाबू और आरआई जितेंद्र कुमार घटनास्थल पर पहुंचे। यहां खड़ी बस की नापजोख के साथ 10 बिंदुओं की जांच की। इसमें बस की लंबाई का मानक 12 मीटर की जगह 13 मीटर मिला। बस में आपातकालीन द्वार नहीं था।

 
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कन्नौज एक्सप्रेस-वे पर दर्दनाक हादसा - फोटो : अमर उजाला
रियर विंड स्क्र्तीन (पीछे का शीशा) शीशे का लगा होना चाहिए। जबकि पीछे के शीशे और खिड़की की जगह लोहे की चादर लगी हुई थी। 26 स्लीपर और 16 सीट की जगह 92 सीट मिली है। इससे टैक्स चोरी भी की जा रही थी। हादसे का कारण चालक को झपकी आना बताया गया है।

टेक्निकल मुआयने में बस के तेज गति होने की बात सामने आई है। अधिकारियों का मानना है कि अगर बस की गति धीमी होती, तो शायद इतना बड़ा हादसा न होता। एआरटीओ संजय कुमार झा ने बताया कि मामले की जांच चल रही है। जल्द जांच रिपोर्ट तैयार कर अधिकारियों को सौंप दी जाएगी। 

 

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कन्नौज एक्सप्रेस-वे पर दर्दनाक हादसा - फोटो : अमर उजाला
ट्रैवल प्वाइंट वर्ल्ड एलएलपी कंपनी के नाम की है बस 
हादसे का शिकार हुई डबल डेकर बस ट्रैवल प्वाइंट वर्ल्ड एलएलपी वेद विहार कालोनी बागपत के नाम परिवहन विभाग में पंजीकृत है। मंगोलपुर खुर्द शॉप नं 5, प्रथम फ्लोर फर्नीचर मार्केट दिल्ली और आनंद विहार इलाके में बनाए गए अस्थायी कार्यालय से बस का संचालन बिहार से लेकर उत्तर प्रदेश तक के कई शहरों तक होता था। ऑनलाइन भी बस टिकट बुक करने के लिए कई इंटरनेट दुकानदारों से ट्रैवल कंपनी ने सेटिंग बना रखी थी। 
 
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कन्नौज एक्सप्रेस-वे पर दर्दनाक हादसा - फोटो : अमर उजाला
2018 में बागपत एआरटीओ कार्यालय में बना था परमिट
दुर्घटनाग्रस्त बस का बागपत आरटीओ कार्यालय में पांच फरवरी 2018 में पांच फरवरी 2020 तक के लिए बना था। फिटनेस भी इसी समय का है। लॉकडाउन के चलते फिटनेस और परमिट में छूट दी गई है लेकिन ऐसे में सवाल उठता है कि जब बस में क्षमता से अधिक सीटें और एक मीटर अधिक लंबाई थी, तो अधिकारियों ने कैसे फिटनेस और परमिट जारी कर दिया। मामले की अगर ठीक से जांच होती है, तो कई अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई तय है। 
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