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UP: 'कार खड़ी करते ही तेज धमाका...', आगे दौड़ रहे थे लेखपाल और उनका बेटा, पीछे दौड़ी मौत; मथुरा हादसे की कहानी

Mon, 16 Jun 2025 10:14 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, मथुरा

सार

यूपी के मथुरा जिले में माया टीला ढहने से छह मकान गिर गए। मलबे में दबकर तीन लोगों की मौत हो गई। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें देर रात तक बचाव कार्य करतीं रहीं। टीला काटकर दीवार बनाए जाने के कारण दोपहर 12 बजे के करीब यह हादसा हुआ।
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बचाव कार्य के लिए पहुंची एनडीआरएफ की टीम - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
यूपी के मथुरा जिले में माया टीले के नीचे संचालित कार पार्किंग से बेटे के साथ कार निकालने गए लेखपाल संजय रोहिला ने सबसे पहले टीले को खिसकते देखा था। अपनी और बेटे की जिंदगी बचाने के लिए वे आगे-आगे दौड़ रहे थे और उनके पीछे मलबा मौत बनकर आ रहा था। आखिरकार संजय जीत गए और मौत हार गई। हालांकि मलबा पैर में लगने से उन्हें मामूली चोटें आईं।

पास के ही रहने वाले संजय रोहिला सदर तहसील में लेखपाल हैं। घर में कार खड़ी करने की जगह न होने के कारण व टीले के नीचे बनी पार्किंग में ही कार खड़ी करते हैं। रविवार को परिवार के साथ बाहर जाने के लिए संजय अपने बेटे के साथ बाइक से कार पार्किंग में खड़ी कार लेने गए थे। 
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घटना के प्रत्यक्षदर्शी लेखपाल संजय रोहिला - फोटो : संवाद
उन्होंने बताया कि वह टीले के ठीक नीचे ही अपनी बाइक खड़ी कर रहे थे, तभी उन्हें कुछ आवाज सुनाई थी। उन्होंने टीले की तरफ देखा तो पूरा टीला खिसक रहा था और मकान भी धीरे-धीरे नीचे की ओर बढ़ रहे थे।

 
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घटना के प्रत्यक्षदर्शी नितिन - फोटो : संवाद
इतना देखते ही उन्होंने मोटरसाइकिल वहीं छोड़कर बेटे के साथ चीखते हुए दूसरी तरफ दौड़ लगा दी। आगे-आगे वे दौड़ रहे थे और पीछे टीला और मकान ढहने से मलबा तेजी से आ रहा था। 

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राहत एवं बचाव कार्य जारी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसी दौरान एक मलबे का एक टुकड़ा उनके पैर में लगा। इससे उनके पैर में मामूली चोट लग गई। धूल के गुबार ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया, लेकिन उनकी जिंदगी बच गई। जब धूल का गुबार थमा तो मंजर भयावह था। 
 
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विलाप करते परिजन - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
'दो लोगों को टीले के ऊपर बने मकानों से गिरते हुए देखा'
संजय ने बताया कि उन्होंने कुछ लोगों को टील के नीचे काम करते हुए और दो लोगों को टीले के ऊपर बने मकानों से गिरते हुए देखा था। उन्होंने कहा कि अगर वह चूक जाते तो उनकी और बेटे की जान भी जा सकती थी। घटना के बाद पूरे समय वह मौके पर ही रहे और मलबे में दबे लोगों के जीवन के लिए प्रार्थना करते रहे। 
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विलाप करते परिजन - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
कार खड़ी करके लौटते ही हुआ तेज धमाका
दिल्ली निवासी नितिन माया टीला के पास ही स्थित अपनी नानी के घर आए थे। वह टीले के नीचे उसी परिसर में संचालित कार पार्किंग में अपनी कार खड़ी करने गए थे। उनकी नानी के मकान की दीवार और पार्किंग की दीवार मिली हुई है। वह पार्किंग के मुख्य द्वार से होते हुए जैसे ही घर पहुंचे तो उन्हें तेज धमाका सुनाई दिया।
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विलाप करते परिजन - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
उन्होंने छत पर जाकर देखा तो माया टीले का एक हिस्सा और उस पर बने मकान ढह गए थे। हर तरफ धूल के गुबार नजर आ रहे थे। नितिन ने बताया कि अगर हादसा चंद मिनटों के बाद हुआ होता तो वह टीले के नीचे ही होते।

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राहत एवं बचाव कार्य जारी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
माया टीला ढहने से छह मकान गिरे, मलबे में दबकर तीन की मौत
मथुरा के गोविंदनगर थाना इलाके में कच्ची सड़क स्थित सिद्ध बाबा मंदिर के पास रविवार सुबह माया टीला काटकर दीवार बनाए जाने के चलते बड़ा हादसा हो गया। 70 फुट ऊंचा टीला ढहने के साथ ही टीले पर बने छह मकान भी जमींदोज हो गए। मलबे में नीचे काम कर रहे मजदूर और मकानों में रहने वाले लोग दब गए। सूचना पर प्रशासन ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू कराया। शाम तक मलबे से तीन शव बरामद कर लिए गए। अन्य कई के दबे होने की आशंका पर एसडीआरएफ और एनडीआरएफ टीमें मलबा हटाने में जुटी हैं।

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मौके पर जमा लोग और पुलिस - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
कच्ची सड़क स्थित माया टीला के ठीक नीचे स्थित प्लॉट में तीन माह से टीला काटकर दीवार बनाए जाने का काम चल रहा था। करीब 70 फीट ऊंचे टीले के आसपास इतनी ही ऊंची विशाल दीवार बनाई जा रही थी। आधी दीवार बन भी गई थी, बची हुई दीवार बनाने के लिए काम चल रहा था। 

 

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राहत एवं बचाव कार्य जारी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
रविवार को दोपहर 12 बजे के करीब हाइड्रा से टीले की मिट्टी काटी जा रही थी। इसी दौरान टीला ढहने लगा और देखते ही देखते टीले पर बने छह मकान भी ढह गए। इससे मकान में रहने वाले लोग और नीचे काम कर रहे मजदूर मलबे में दब गए।

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मथुरा में छह मकान ढहे - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
सूचना पर पहुंची नगर निगम और अग्निशमन विभाग की टीम ने मलबा हटाकर दोपहर एक बजे तोताराम (35) को गंभीर हालत में जिला अस्पताल भेजा। वहीं टीले पर क्षतिग्रस्त विनोद सैनी के मकान से करीब दो बजे यशोदा (6) और उसकी छोटी बहन (4) काजल को निकाला। 

 

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मथुरा में बड़ा हादसा, छह मकान ढहे - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
दोनों अपने मामा के घर आईं थीं और हादसे के दौरान घर में सो रहीं थीं। तभी उनके ऊपर मलबा गिरने से वे वहीं दब गईं। दोनों को क्षतिग्रस्त मकान से ही पुलिस और सिविल डिफेंस की टीम ने बाहर निकाला। तीनों को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। 

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मौके पर पहुंची पुलिस - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
राहत एवं बचाव कार्य के दौरान डीएम चंद्रप्रकाश सिंह और एसएसपी श्लोक कुमार लगातार घटनास्थल पर मौजूद रहे। वहीं विधायक श्रीकांत शर्मा, महापौर विनोद अग्रवाल समेत अन्य जनप्रतिनिधि और पदाधिकारी भी मौके पर डटे रहे।

 

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मथुरा में बड़ा हादसा, छह मकान ढहे - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इसके बाद लगातार बचाव कार्य जारी रहा, लेकिन अन्य किसी की जानकारी नहीं मिली। शाम को पहुंची एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीम ने मौके पर राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जो देर रात तक जारी रहा।

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मृतक बच्ची काजल का फाइल फोटो - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खोजी डॉग भी नहीं आए काम
मलबे में लोगों के दबे होने की आशंका के चलते खोजी डॉग भी बुलाए गए। लेकिन उनसे भी कुछ खास मदद नहीं मिल सकी। देर रात तक मलबे से न तो कोई बाहर निकला और न ही वहां कोई परिजन या अन्य किसी के दबे होने का दावा करने पहुंचा। इससे एनडीआरएफ को भी बचाव कार्य में परेशानी सामने आती रही।

 
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मृतक बच्ची योशदा का फाइल फोटो - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मलबे से तीन शव बरामद कर लिए गए हैं। लगातार एनडीआरएफ की टीम राहत एवं बचाव कार्य में जुटी है। अब मलबे में किसी के दबे होने की आशंका कम ही है। मलबे को सावधानी से इसलिए भी हटाया जा रहा है, क्योंकि टीले का बचा हुआ हिस्सा और क्षतिग्रस्त मकान गिरने की भी आशंका बनी हुई है। मामले में दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जा रही है।-चंद्रप्रकाश सिंह, डीएम
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